चकिया/शिकारगंज। बारिश थमने के बाद मूसाखांड़ बांध के सभी फाटक बुधवार को बंद कर दिए गए। बांध में पर्याप्त पानी होने के कारण जलस्तर नियंत्रित रखने के लिए सिंचाई विभाग ने यह निर्णय लिया। हालांकि, लतीफशाह बीयर से 661 क्यूसेक और मुजफ्फरपुर बीयर से 58 क्यूसेक पानी ओवरफ्लो करता रहा। पानी का बहाव कम होने से कर्मनाशा नदी में उफान की स्थिति सामान्य हो गई है। इससे नदी किनारे बसे गांवों के लोगों ने राहत की सांस ली है।
चंद्रप्रभा बांध में भी बारिश के बाद तेजी से पानी जमा हुआ है। इसकी कुल क्षमता 775 फीट है, जबकि बुधवार तक जलस्तर 752 फीट पहुंच गया। वहीं मूसाखांड़, नौगढ़ और भैसौड़ा बांध पूरी तरह लबालब हो चुके हैं।
दूसरी ओर जर्जर गेटों से पानी निकलने को लेकर किसानों में नाराजगी है। किसानों का कहना है कि बारिश से पहले कई बंधियों के जर्जर गेटों की मरम्मत नहीं कराई गई। इससे बांधों में पर्याप्त पानी होने के बावजूद गेटों से पानी बाहर निकल रहा है। किसान यूनियन के अध्यक्ष वीरेंद्र पाल ने कहा कि समय रहते गेटों की मरम्मत करा दी जाती तो पानी का बेहतर भंडारण हो सकता था। उन्होंने बंधी डिवीजन के अधिकारियों पर नियमित निगरानी नहीं करने का आरोप लगाया।