काशी गोमती संयुक्त ग्रामीण बैंक जमुरखा में पांच दिनों से लाइन में लगने के बाद भी नगदी न मिलने पर बुधवार को उपभोक्ताओं के सब्र का बांध टूट गया। इसके बाद बैंक प्रबंधन और केन्द्र सरकार के खिलाफ नारेबाजी कर जमकर प्रदर्शन किया। ग्रामीणों ने चेताया कि तत्काल बैंक शाखा पर नगदी की व्यवस्था नहीं की जाती है तो लोग कमालपुर धीना मार्ग पर प्रदर्शन के लिए बाध्य होंगे।
पांच सौ और एक हजार रुपये के नोट बंदी के बाद से जनता को घर के खर्च तक के लिए रुपये नहीं मिलने कारण काफी परेशानी उठानी पड़ रही है। रुपये निकासी के लिए बैंकों के बाहर सुबह से ही उपभोक्ताओं की लंबी कतार लग जा रही है लेकिन बैंक में कैश न होने के कारण बैरंग ही वापस लौटना पड़ जा रहा है। पांच दिनों से काशी गोमती संयुक्त ग्रामीण बैंक जमुरखा से लोगों को रुपये नहीं मिलने के चलते बुधवार को उपभोक्ताओं का गुस्सा उस वक्त फूट पड़ा जब उन्हें यह जानकारी हुई कि आज भी खाते से रुपये नहीं मिल सकेंगे। इससे नाराज ग्रामीणों ने बैंक की शाखा के बाहर जमकर प्रदर्शन किया। आरोप लगाया कि खाते में जमा रुपये नहीं मिलने से खेती के लिए बीज व खाद एवं बाजार से अन्य जरूरतों के सामान खरीदने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
प्रदर्शन करने वालों में गिरजा देवी,मु अलीम, मिथिलेश मौर्या, प्रदीप अग्रहरि, कन्हैया यादव, मनीष मिश्रा, राहुल रस्तोगी, मालती, प्रेमलाल, लक्ष्मीना, राजेश शर्मा, राम आशीष, सुनीता देवी आदि रहे।इस संबंध में काशी गोमती संयुक्त ग्रामीण बैंक वीके भारती ने बताया कि कैश नहीं मिलने से परेशानी हो रही है। धन उपलब्ध होने पर ग्राहकों की समस्या समाप्त हो जायेगी।