खेल विभाग द्वारा कबड्डी कोच नियुक्त नहीं किए जाने से नाराज युवा
खिलाड़ियों ने मंगलवार की दोपहर में आधे घंटे जिलाधिकारी कार्यालय के बाहर
प्रदर्शन किया।
कहा कि कोच नहीं होने से कबड्डी के खिलाड़ी
विशाखापट्टनम में हुई कबड्डी स्पर्धा में शामिल नहीं हो पाए । अंत में
जिलाधिकारी सुरेंद्र विक्रम से मिलकर कोच नियुक्त कराने की मांग की। दरअसल
इस खेल के लिए कोच कभी रखा ही नहीं गया है।
कबड्डी
खिलाड़ियों का कहना रहा कि खेल विभाग द्वारा महेंद्र टेक्निकल इंटर कालेज
में युवा खिलाड़ियों को प्रशिक्षण देने की व्यवस्था की गई है। इसके लिए
विभिन्न खेलों के लिए कोच नियुक्त किए गए हैं।
लेकिन आज तक कबड्डी के लिए
कोई कोच नहीं रखा गया है। ऐसे में बालक और बालिका वर्ग के खिलाड़ी बेहतर
प्रदर्शन नहीं कर पा रहे हैं। कहा कि अभी हाल की में वाराणसी में हुई
कबड्डी प्रतियोगिता में जिले के खिलाड़ियों ने तृतीय स्थान प्राप्त किया
था।
खिलाड़ियों ने कहा कि जिले की एथलेटिक्स टीम सितंबर के आरंभ में जहां
विशाखापट्टनम में खेल प्रतियोगिता में हिस्सा लेने गई है।
यदि कबड्डी में
भी कोच होते तो जिले के खिलाड़ी अच्छी तैयारी कर पाते। साथ ही प्रतिस्पर्धा
में भी अपना दमखम दिखा पाते। कहा कि खेल विभाग की लापरवाही से ही चंदौली
में प्रतिभाएं निखर कर सामने नहीं आ पा रही हैं।
साथ ही खिलाड़ी खेलों
में अपना भविष्य नहीं बना पा रहे हैं।
दूसरी तरफ जिला खेल अधिकारी अतुल
सिनहा का कहना है कि कबड्डी कोच के लिए निदेशालय को पत्र लिखा गया है।
संभवत: इस पद पर नियुक्ति भी हो चुकी है। पर अभी ज्वाइनिंग नहीं हो पाई है।
प्रदर्शन के दौरान कुलभूषण सिंह, राकेश सोनकर, अमित सैनी, प्रदीप, बिट्टू ,
अमित चौहान, सूरज, प्रवीण आदि उपस्थित रहे।