चंदौली। शबरी संकल्प अभियान के तहत शनिवार को सदर ब्लाक सभागार में ग्राम प्रधानों को कुपोषण की रोकथाम के बाबत प्रशिक्षित किया गया। बाल विकास परियोजना विभाग की ओर से संचालित एकदिवसीय प्रशिक्षण में प्रधानों को उनकी भूमिका से अवगत कराया गया। जिला कार्यक्रम अधिकारी एसके सिंह ने कुपोषण की दर को कम करने के लिए चलाए जा रहे अभियान में प्रधानों से सहयोग का आह्वान किया।
जिला कार्यक्रम अधिकारी ने बताया कि प्रदेश में कुपोषण की रोकथाम के लिए शासन स्तर से शबरी संकल्प अभियान संचालित करने का निर्णय लिया गया है। इस अभियान में एक तरफ जहां लाभार्थियों को मिलने वाली सेवाओं की उपलब्धता सुनिश्चित की जाएगी वहीं दूसरी तरफ विभाग के आधारभूत ढांचे और अनुश्रवण व्यवस्था को भी प्रभावी बनाया जाएगा। अभियान का उद्देश्य जनपद शून्य से तीन वर्ष की आयु वाले बच्चों में कुपोषण की दर में दिसंबर 2018 तक दो प्रतिशत की कमी लाना है। शबरी अभियान में चयनित जनपदों को शबरी जनपद के नाम से बुलाया जाएगा। बताया कि बाल विकास परियोजना विभाग के साथ पांच अन्य विभाग मिलकर कुपोषण की रोकथाम की दिशा में कार्य करेंगे। इसमें स्वास्थ्य विभाग, आईसीडीएस, पंचायती राज विभाग, ग्राम्य विकास और खाद्य विभाग शामिल हैं। सभी विभाग अपने-अपने स्तर से कुपोषण की रोकथाम हेतु लोगों को जागरूक करेंगे और कुपोषित बच्चों के परिवारों को सरकार की योजनाओं से आच्छादित करेंगे। बताया कि इस अभियान की सफलता हेतु प्रधानों का भी सहयोग अपेक्षित है। इस अवसर पर एडीओ पंचायत नीरज सिन्हा, बजरंगी पांडेय, बृजेश कुमार, राजेश, नीरा, रमाशंकर आदि रहे।