दुलहीपुर। मवईकला गांव में सोमवार को रिंग रोड के भूमि अधिग्रहण का काम शुरू होते ही किसानों ने विरोध शुुरू कर दिया। सुबह दस बजे किसानों ने मजदूरों को डांट कर काम रोकवा दिया और प्रदर्शन किया। प्रशासनिक अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद दो घंटे बाद काम शुरू कराया गया। आश्वासन दिया गया कि मंगलवार को जिला स्तरीय अधिकारी किसानों की समस्याएं सुनेंगे।
जिले में रिंग रोड का काम कराया जा रहा है। इसके तहत सकलडीहा और नियामताबाद ब्लाक के एक दर्जन से अधिक गांवों के किसानों की भूमि का अधिग्रहण किया गया है। हालांकि किसान भूमि के बदले उचित मुआवजे की मांग को लेकर लगातार आंदोलनरत हैं। सोमवार की सुबह दस बजे ठेकेदार जेसीबी के साथ मशीन तथा मजदूरों को लेकर क्षेत्र के मवई कला गांव में पहुंच गए। यहां कादिल अहमद के खेत में काम शुरू कराया। रिंग रोड का काम शुरू होने की सूचना मिलते ही किसान खेतों में पहुंच गए और काम रुकवा दिया। यही नहीं किसानों ने प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी शुरू कर दी। सूचना पाकर मुगलसराय की नायब तहसीलदार नीलम तिवारी लेखपाल और कानूनगो और मुगलसराय कोतवाली पुलिस के साथ पहुंची। यहां किसानों ने उचित मुआवजा देने और भूमि की फिर से नापी कराने की मांग की। नीलम तिवारी ने एसडीएम और जिलाधिकारी से वार्ता की और किसानों को आश्वासन दिया कि मंगलवार को अधिकारियों की टीम गांव के पंचायत भवन में पहुंचेगी। यहां किसान अपनी समस्या सुना सकते हैं। इसके बाद किसान शांत हुए और दो घंटे बाद दोपहर 12 बजे काम शुुरू हुआ। प्रदर्शन करने वालों में वसीम अहमद, दीपक यादव, अजीत यादव, लल्लू यादव, गोवर्धन यादव, राजेश, प्रकाश, सुरेश मौर्य, सरफराज, नियाजुद्दीन मौजूद रहे।
रिंग रोड के लिए भूमि की नापी पहले हो चुकी है और किसानों को मुआवजा भी दिया जा चुका है। बावजूद इसके इस भूमि पर खेती हो रही है। यहां तक कि बटाई पर लेकर भी किसान खेती कर रहे हैं। ऐसे में काम शुरू होने से इन किसानों को नुकसान हो रहा है। शकूराबाद निवासी बबलू ने मवई में सात बीघा भूमि लेकर गेहूं की खेती की है। तीस हजार रुपये खर्च किए लेकिन पहले दिन ही खेत में काम शुुरू होने पर फसल बर्बाद हो गई।