फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

साढ़े 11 घंटे की देरी से आई हिमगिरी एक्सप्रेस

विज्ञापन
विज्ञापन

विज्ञापन
पीडीडीयू नगर। रेलवे के लाख प्रयास के बाद भी ट्रेनों की चाल पर कोहरा भारी पड़ रहा है। मौसम की मार से प्रभावित वीआईपी ट्रेन भी घंटों की देरी से स्टेशन पर आ रही है। इससे यात्रियों को परेशानी हो रही है। मंगलवार को हिमगिरी एक्सप्रेस साढ़े 11 घंटे की देरी से आई। वहीं चार ट्रेन कैंसिल रही।
रेलवे लगातार तकनीकी का सहारा ले रही है लेकिन मौसम के आगे रेलवे की पूरी तकनीक फेल नजर आ रही है। रेलवे ने कई ट्रेनों का संचालन रद्द किया लेकिन फिर से वीआईपी ट्रेन भी घंटों देरी से पहुंच रही है। इससे यात्री परेशान नजर आ रहे हैं। मंगलवार को डाउन में महानंदा एक्सप्रेस, महाबोधि एक्सप्रेस, तूफान एक्सप्रेस कैंसिल रही। वहीं डाउन में हिमगिरी एक्सप्रेस साढ़े 11 घंटे, विभूति एक्सप्रेस पौने दो घंटे, जोधपुर एक्सप्रेस चार घंटे, कोटा पटना एक्सप्रेस चार घंटे, चंबल डेढ घंटे, दुरंतों पौने दो घंटे, संतरागाछी एक्सप्रेस साढ़े चार घंटे, मुंबई मेल साढ़े तीन घंटे, संपर्क क्रांति एक्सप्रेस साढ़े तीन घंटे, दुरंतो एक्सप्रेस एक घंटे, कालका मेल साढ़े तीन घंटे, नीलांचल एक्सप्रेस चार घंटे की दूरी से आई। इसी तरह अप की ओर जाने वाली मालदाटाउन फरक्का एकसप्रेस कैंसिल रही। जबकि मुंबई मेल सवा तीन घंटे, सियालदह वाराणसी पौने दो घंटे, आनंद बिहार गरीब रथ एक घंटे, पटना बांद्रा एक्सप्रेस ढाई घंटे, बागमति एक्सप्रेस डेढ, रांची गरीब रथ एक्सप्रेस 45 मिनट की देरी से स्थानीय स्टेशन पर पहुंची।
विज्ञापन


पीडीडीयू नगर। पहाड़ों पर बर्फबारी का असर दूसरे दिन भी दिखा। मौसम के मिजाज में थोड़ी से नरमी आई और मंगलवार को दोपहर में धूप खिली। हालांकि यह कुछ घंटे के लिए ही रही। फिर से कोहरे का असर दिखा। दिन भर शीतलहरी चलने से लोग परेशान रहे। ठंड से बचने के लिए जगह जगह लोग लकड़ियों, पुआल आदि एकत्र कर जला कर अलाव तापते रहे।
विज्ञापन

जिले में ठंड का कहर होने लगा है। सोमवार को दिन भर धूप नहीं निकली और बदली छाई रही। वहीं मंगलवार को सुबह से कोहरे का असर रहा लेकिन दोपहर में धूप निकल आई। इसका असर यह हुआ कि मंगलवार को दिन का तापमान 23 डिग्री पहुंच गया। हालांकि शीतलहरी की वजह से यह पूरी तरह बेअसर रही। रात में तापमान गिरकर 11 डिग्री हो गया। दिन भर तीन किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवा चलती रही। जबकि आर्द्रता 79 प्रतिशत रहा। इससे रात में गलन का असर रहा। इससे बचने के लिए लोग जगह जगह दिन भर अलाव तापते रहे। वहीं तापमान में गिरावट की वजह से गर्म कपड़ों की डिमांड बढ़ गई। स्वेटर, मफलर, जैकेट की खरीद के लिए दुकानों पर भीड़ रही।
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें