पीडीडीयू नगर। बंधुआ श्रम उन्मूलन अधिनियम के तहत गठित बंधुआ श्रम निगरानी समिति की ओर से शनिवार को नगर के एक होटल में कार्यक्रम आयोजित किया गया। इसमें जनपद में बंधुआ मजदूरों को मुक्त करने पर चर्चा की गई। इसके तहत बंधुआ मजदूरों का सर्वेक्षण कराने, चिह्नित करने और उनके पुनर्वास की रणनीति बनाई गई।
समिति के प्रबंधक मनोज मिश्रा ने बताया, बंधुआ मजदूरी रोकने के लिए बंधुआ श्रम उन्मूलन अधिनियम वर्ष 1976 की धारा 13 के अनुसार सभी जिले में निगरानी समिति गठित की गई है। डीएम की देखरेख में संचालित होने वाली समिति में 10 सदस्यीय टीम गठित करने की योजना है। इसमें दो सामाजिक कार्यकर्ता, जिला ग्रामीण विकास से तीन, अजा व अजजा वर्ग से तीन व एक अर्थिक संस्था बैंक आदि से चयनित सदस्य शामिल होंगे। समिति का गठन तीन वर्षों के लिए किया जाएगा। इसके बाद इसका पुनर्गठन किया जाएगा। समिति के सदस्यों को पीड़ित मजदूर के नाम व पता की जानकारी डीएम या एसडीएम को देनी होगी। इस मौके पर नायब तहसीलदार नीलम तिवारी, गणेश विश्वकर्मा आदि उपस्थित थे।