पीडीडीयू नगर। अभी गर्मी पूरे तरीके से शुरू भी नहीं हुई है कि ग्रामीण क्षेत्रों में 12-14 घंटे की बिजली कटौती शुरू हो गई है। चहनिया व चंदौली के 300 से ज्यादा गांवों में बिजली की सबसे ज्यादा समस्या है।
कुछ गांव तो ऐसे हैं जहां बिजली न आने से पानी की समस्या पैदा हो गई है। शिकायत के बाद भी विद्युत निगम के अधिकारी नहीं सुन रहे। सबसे ज्यादा दिक्कत चहनिया में है। यहां दो दिन तक दो घंटे ही बिजली मिली। अंधाधुंध कटौती से मारूफपुर, सुरतापुर उपकेंद्रों से जुड़े काफी संख्या में गांवों के लोग परेशान हैं। चहनिया के गांवों में इस समय महज 5-6 घंटे बिजली आपूर्ति हो पा रही है। गेहूं की कटाई के नाम पर सुबह 10 बजे से शाम 5 बजे तक कटौती जारी है, तो अघोषित रूप से सुबह 5 बजे से 8 बजे और शाम 5 बजे से 7:30 बजे तक कटौती की जा रही है। इसके बाद भी हर एक घंटे के बाद 10-10 मिनट की ट्रिपिंग सहित 30-40 मिनट की भी कटौती हो रही है। उपभोक्ता रमेश, शिवम, अमित, प्रमोद, सुदर्शन, रवि, सुब्हान आदि ने बताया कि इससे अच्छा तो बिजली आती ही नहीं। लोग रात में मच्छरदानी आदि लगाकर सोते, ताकि रतजगा नहीं करना पड़ता। मोहन, प्रदीप, अनिल आदि ने कहा कि अधिकारियों को बिजली की समस्या से कोई लेना देना नहीं है। उधर, इलिया कस्बा स्थित उपकेंद्र से जुड़े 40 गांवों की बिजली पूरे दिन गायब रह रही है। केवल रात में ही बिजली मिल रही है। प्रभारी अवर अभियंता संजीव कुमार ने बताया कि गेहूं की कटाई को देखते हुए सुबह 9:30 बजे से शाम 6 बजे तक बिजली कटौती का आदेश है। इसलिए यह आदेश लागू हो गया है। जब तक गेहूं की कटाई पूरी तरह से नहीं हो जाएगी, तब तक बिजली केवल रात में ही मिलेगी।