यूपी बोर्ड की परीक्षा शुरू होने में दो दिन का समय रह गया है। 110 केंद्रों को सात जोन में बांटा गया है। परीक्षा सामग्री की सुरक्षा भी बढ़ा दी गई है। जिला विद्यालय निरीक्षक विनय कुमार ने बृहस्पतिवार रात कई केंद्रों के स्ट्रांग रूम और शुक्रवार को राजकीय इंटर कॉलेज में बने कंट्रोल रूम का निरीक्षण किया। परीक्षा के दौरान लापरवाही मिलने पर कार्रवाई की चेतावनी दी है।
इस बार बोर्ड परीक्षा में 87,493 परीक्षार्थी हाईस्कूल व इंटरमीडिएट की परीक्षाओं में पंजीकृत हैं। डीआईओएस ने सभी केंद्र व्यवस्थापकों को गाइड लाइन जारी कर दी है। 4400 कक्ष निरीक्षक व अन्य कर्मचारी केंद्रों पर लगाए गए हैं। केंद्रों पर नजर रखने के लिए राजकीय इंटर कॉलेज में मुख्य कंट्रोल रूम बनाया गया है।
केंद्रों पर 14 सेक्टर व सात जोनल मजिस्ट्रेट लगाए गए हैं। इसके अलावा 110 अतिरिक्त केंद्र व्यवस्थापक भी हैं जो परीक्षार्थियों पर नजर रखेंगे। जिले में कोई भी केंद्र संवेदनशील व अति संवेदनशील नहीं हैं। एसटीएफ व एलआईयू भी परीक्षाओं को लेकर सतर्क है।
बताया कि सभी परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा संबंधित सामग्री पहुंचा दी गई है। प्रश्न पत्रों को केंद्र में बने स्ट्रांग रूम में रखवाया गया है। जहां 24 घंटे पुलिस कर्मी की डयूटी रहेगी। केंद्रों के सीसीटीवी कैमरों को बुलंदशहर के अलावा मेरठ जेडी कार्यालय, प्रयागराज व लखनऊ से कनेक्ट किया गया है।
जिला विद्यालय निरीक्षक विनय कुमार ने बताया कि सभी केंद्रों पर परीक्षा के दौरान चार स्तर से निगरानी रखी जाएगी। केंद्रों पर एक दिन पहले सीटिंग प्लान लगाया जाएगा। छात्राओं के लिए स्वकेंद्र प्रणाली लागू है, जिन पर केवल छात्राएं परीक्षाएं देंगी। ऐसे केंद्रों पर महिला स्टाफ लगाया गया है। परीक्षार्थियों की सघन तलाशी के बाद उन्हें केंद्रों में प्रवेश दिया जाएगा।