बुलंदशहर। अगौता क्षेत्र के गांव जेहरा निवासी एक किशोरी की डेंगू बुखार से मौत हो गई। विभाग ने मेडिकल कॉलेज की जांच रिपोर्ट के आधार पर डेंगू से मौत की पुष्टि की है। विभागीय अफसरों के मुताबिक परिजनों ने बुखार होने पर करीब एक हफ्ते तक गांव में ही झोलाछाप से इलाज कराया। जिससे किशोरी की हालत बिगड़ गई थी। 16 अगस्त को उसकी मौत हो गई।
अगौता क्षेत्र के गांव जेहरा निवासी शमीम की 17 वर्षीय बेटी अनम को 3 अगस्त से बुखार था। परिजनों ने शुरुआत में गांव में ही झोलाछाप से इलाज करवाया। अनम के स्वास्थ्य में सुधार न होने पर निजी चिकित्सक के पास ले गए। जहां से उसे मेरठ रेफर कर दिया गया। परिजनों ने अनम को मेरठ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया। जिला सर्विलांस अधिकारी डॉ. रमित सिंह ने बताया कि मेरठ में इलाज के दौरान हालत बिगड़ने पर 10 अगस्त को अनम का डेंगू जांच के लिए सैंपल लेकर मेरठ मेडिकल कॉलेज भेजा गया। 12 अगस्त को रिपोर्ट पॉजिटिव आई। डेंगू मरीज की रिपोर्ट मेरठ से प्राप्त होने के बाद परिजनों से पूछताछ की गई। परिजनों ने शुरुआत में झोलाछाप से इलाज करवाना बताया। डेंगू का केस मिलने और उसकी मौत होने की रिपोर्ट शासन को भेज दी गई है।
जिले में डेंगू का एक केस मिला। उसकी मौत हो चुकी है। मरीज के गांव में जांच कराने के साथ शिविर लगाकर उपचार किया जाएगा। - डॉ. विनय कुमार सिंह, सीएमओ