बुलंदशहर। वायु प्रदूषण को बढ़ने से रोकने के लिए अक्तूबर माह में ग्रैप लागू होगा। उससे पूर्व प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की क्षेत्रीय अधिकारी ने सड़कों पर उड़ने वाली धूल को रोकने एवं गड्ढा युक्त सड़कों को गड्ढा मुक्त करने व लगातार पानी का छिड़काव कराने के लिए पत्र जारी किया है। जो पीडब्ल्यूडी, जल निगम, आवास विकास परिषद, बुलंदशहर-खुर्जा प्राधिकरण और समस्त निकाय के अधिशासी अधिकारियों को भेजा है। पत्र में नगर में काला आम से स्याना अड्डा, स्याना रोड, आवास विकास, यमुनापुरम और अंसारी रोड की जर्जर सड़कों का जिक्र किया गया है।
बुलंदशहर एनसीआर में शामिल होने और दिल्ली से सटा होने के कारण वायु प्रदूषण को बढ़ने से रोकने के लिए प्रतिवर्ष अक्तूबर माह में सीएक्यूएम द्वारा ग्रैप लागू करवा दिया जाता है। इस बार भी अक्तूबर माह में ग्रैप लागू होगा। इसको देख बीते दिनों जिलाधिकारी 19 विभागों को वायु प्रदूषण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए ग्रैप का अनुपालन कराने को आदेश जारी कर चुके है। इसके बाद उप्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की क्षेत्रीय अधिकारी ने सड़कों को गड्ढा मुक्त करने व उड़ने वाली धूल से बचाव को पानी का छिड़काव कराने के लिए निर्देश जारी किए हैं। उप्र प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड की क्षेत्रीय अधिकारी सपना श्रीवास्तव ने बताया कि शीत ऋतु में वायु प्रदूषण की समस्या बन जाती है।
इसके लिए क्षतिग्रस्त पड़ी सड़कों पर उड़ने वाली धूल मुख्य कारक है। नगर में काला आम से स्याना अड्डा, स्याना रोड, आवास विकास, यमुनापुरम और अंसारी रोड चौराहे की सड़कों पर गड्ढे आदि हो गए हैं। जिसके कारण धूल की मात्रा बढ़ रही है तो सुगम परिवहन में बाधा भी आ रही है। टूटी सड़कें व बाधित परिवहन से क्षेत्र में वायु गुणवत्त पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ेगा। सभी अपने क्षेत्र की सड़कों को शीत ऋतु से पूर्व गड्ढा मुक्त करें। साथ ही इसकी रिपोर्ट एक सप्ताह में कार्यालय भेज दें। जिससे सीएक्यूएम को सूचना भेजी जा सके। बताया कि पीडब्ल्यूडी व जल निगम के अधिशासी अभियंता, आवास विकास परिषद के सहायक अभियंता, बुलंदशहर-खुर्जा प्राधिकरण सचिव और समस्त निकाय के अधिशासी अधिकारियों को पत्र भेजकर सड़कों की मरम्मत करने व धूल की रोकथाम करने को कहा है।