बुलंदशहर/डिबाई। गांव दौगवां में सांसद डॉ. भोला सिंह का पुतला फूंकने पर पुलिस ने दो युवकों में हिरासत में ले लिया। युवकों को हिरासत में लेने पर ग्रामीणों के विरोध के चलते देर रात करीब दो बजे पुलिस ने दोनों युवकों को परिजनों के सुपुर्द कर दिया। जबकि सोमवार को क्षत्रिय महासभा के पदाधिकारियों ने सांसद के खिलाफ नारेबाजी करते हुए डिबाई तहसील में प्रदर्शन कर प्रधानमंत्री के नाम ज्ञापन तहसीलदार को सौंपकर कार्रवाई की मांग की।
डिबाई क्षेत्र के गांव दौगवां में रविवार को युवाओं ने सांसद डॉ. भोला सिंह का पुतला फूंका। सांसद का पुतला फूंके जाने पर रविवार शाम को पुलिस ने दो युवकों को हिरासत में लिया। इस वजह से ग्रामीण एकत्रित हो गए और रात में ही थाने पहुंचे। लोगों के विरोध के बीच देर रात करीब दो बजे पुलिस ने दोनों युवकों को परिजनों के सुपुर्द कर दिया। इसके बाद सोमवार को अखिल भारतीय क्षत्रिय महासभा के बैनर तले युवा तहसील पहुंचे और सांसद के खिलाफ नारेबाजी करते हुए प्रदर्शन किया। महासभा के मेरठ मंडल अध्यक्ष और महासचिव ज्ञानेंद्र सिंह राघव के नेतृत्व में युवाओं ने सांसद के खिलाफ नारेबाजी की। ज्ञानेंद्र राघव ने कहा कि सांसद डॉ. भोला सिंह को चुनाव में वोट दी गई थी, लेकिन जब विकास नहीं हुआ तो लोगों ने लोकतांत्रिक तरीके से विरोध जताया। जिसके बाद दबाव की राजनीति में युवाओं को पुलिस हिरासत में लेना पूरी तरह से गलत है। इससे पूरे क्षत्रिय समाज के लोगों में रोष व्याप्त है। कहा कि 2014 और 2019 के चुनाव में डॉ. भोला सिंह भारी मतों से विजयी हुए, लेकिन चुनाव के बाद जनता के बीच न रहने और विकास कार्य न कराने के चलते अब लोगों में उनके खिलाफ रोष व्याप्त है।
ऐसे में जब लोगों में रोष है और वह प्रदर्शन कर रहे हैं तो उन्हें गिरफ्तार कराया जा रहा है, जो कि पूरी तरह से गलत है। कहा कि इस कृत्य से न केवल क्षत्रिय बल्कि सर्वसमाज अपमानित हुआ है। चेतावनी दी कि यदि शीघ्र ही मामले की जांच कराकर पार्टी स्तर पर कार्रवाई नहीं की गई तो क्षत्रिय समाज इसके खिलाफ सड़कों पर उतरेगा। प्रदर्शन के दौरान रजनीश कुमार, बरी सिंह, गजेंद्र सिंह, ललित प्रताप सिंह, राजू राघव, उदय सिंह, हर्ष, मनोज कुमार, रामवीर सिंह, धीरेंद्र सिंह, विशाल राघव, राहुल राघव, विवेक राघव, मोहित कुमार, फूल सिंह, गौरव राघव, कृष्णा शामिल रहे।