नुमाइश ग्राउंड में आयोजित रामलीला में रविवार को कुंभकर्ण और मेघनाद के वध का मंचन किया गया। इस दौरान श्री रामलीला सभा के अध्यक्ष मनोज गर्ग, अमित मित्तल, राकेश गोयल, प्रदीप अग्रवाल और सुखदेव आदि मौजूद रहे। सिकंदराबाद में आयोजित रामलीला में रविवार को सीता हरण, जटायु वध एवं सुग्रीव मित्रता की लीला का मंचन किया गया।
प्रमोद प्रेमी, सीताराम वर्मा ने सुरेंद्र कुमार शर्मा, आदर्श गोयल को सम्मानित किया। प्रधान रमेश शर्मा, संरक्षक प्रदीप लोहिया, अनिल कबाड़ी, चेयरमैन त्रिलोकचंद गर्ग, प्रभारी सचिन वर्मा, प्रबंधक मनोज जैन, उपप्रबंधक संजीव गोयल, उप प्रधान राहुल गर्ग, सलाहकार जगदीश प्रसाद बजाज ने संयुक्त रूप से आरती की।
भूपेंद्र कौशल, चेतन दीवान ने श्रृंगार किया। जितेंद्र कुमार गर्ग, सचिव अरविंद दीक्षित ने सभी का आभार व्यक्त किया।वहीं जहांगीराबाद में जनता आदर्श श्रीरामलीला कमेटी के तत्वावधान में आयोजित रामलीला में रविवार की रात कुंभकर्ण, मेघनाद वध और सुलोचना सती की लीला का मंचन किया गया।
इस अवसर पर वीरेंद्र वार्ष्णेय, रामहरि गोयल, राजीव खदाना, अशोक गिरी, अनिल गोयल, बब्बू, नवीन गोयल, रामकिशोर बंसल, धन्नू राजौरा, विनोद सैनी, गोपाल शास्त्री, मुकेश लोधी, दिनेश गोयल आदि कमेटी पदाधिकारियों का सहयोग रहा।
गुलावठी में आयोजित रामलीला में लंका दहन का मंचन किया गया। प्रमुख समाजसेवी डॉ. धर्मेंद्र नागर को सम्मानित किया गया। इस मौके पर रमेश चंद जैन, अशोक कंसल, अनिल सिंघल, मीनू गर्ग, रवि वर्मा, महेश वर्मा, राकेश गुप्ता, प्रदीप शर्मा आदि मौजूद रहे।
राम-रावण का हुआ युद्ध
श्रीरामलीला अभिनय मंडल के तत्वाधान में आयोजित रामलीला में राम और रावण के युद्ध का मंचन किया गया। चेतन सिंघल, प्रदीप गुप्ता, राजेश गोयल, मनोज गुप्ता, दीनू अग्रवाल, उमेश सिंघल आदि रहे। गांव पर्वाना में श्री रामलीला प्रदर्शन पर्वाना के तत्वाधान में कुंभकर्ण और मेघनाद के वध का मंचन किया गया।
दलीप माहुर, दिनेश पाठक, विजय माहुर, श्योराज सिंह, सोनू पाठक, मोनू गोयल, हाजी मंजूर, आदि रहे। डिबाई में लक्ष्मण के मुर्छित होने और हनुमानजी द्वारा संजीवनी बुटी लाने का मंचन किया गया। श्रीरामलीला कमेटी के अध्यक्ष डॉ. एससी. सिंह, राहुल गर्ग, हरिओम दूबे, महेश गुप्ता, अन्नू बाबा, विमल शर्मा, यश माहेश्वरी आदि रहे।
शिकारपुर में लक्ष्मण के मुर्छित होने का मंचन किया गया। मंचन से पूर्व भाजपा नेता आशीष वत्स ने श्रीराम व लक्ष्मण की आरती उतारी और तिलक किया। शैलेंद्र शर्मा, श्यामसुंदर शर्मा, केके शर्मा, लालू पांडेय, नरेश सिंघल आदि रहे। खुर्जा में कुंभकर्ण वध का मंचन किया गया।
पहासू में सुलोचना का विलाप देख दर्शकाें की आखें नम हो ई। वहीं छतारी में हनुमान जी द्वारा संजीवनी लाना और लक्ष्मण को मुर्छा से जागना आदि लीलाओं का मंचन हुआ।
कंजकों का पूजन कर खोला व्रत
नवरात्र की नौंवी पर माता सिद्धिदात्री की पूजा अर्चना की गई। भक्तों ने कंजक और लांगुरों का पूजन कर उन्हें जिमाया। जगह-जगह भंडारे लगाकर प्रसाद बांटा गया। रामनवमी पर मां भगवती सभी सिद्धियां अपने उपासकों को प्रदान करती है।
मां दुर्गा के इस अंतिम स्वरूप की आराधना के साथ ही नवरात्र के अनुष्ठान का समापन हो जाता है। विभिन्न मंदिरों में मेलोें का आयोजन हुआ तथा बैंड-बाजों के साथ माता की झांकियां धूमधाम से निकाली गई। नवरात्र के अंतिम दिन जगह-जगह भंडारे लगाकर हलुआ-पूरी का प्रसाद वितरित किया।
वहीं सिकंदराबाद में सेवा भारती के सौजन्य से नगर के खत्रीवाड़ा स्थित बड़ा चौक पर दुर्गा पूजन किया गया। डॉ. सागर ने बताया कि पूजन के उपरांत 500 लांगुर कन्या को विधिवत भोजन कराया गया। वेद प्रकाश गुप्ता, जगदीश शर्मा, किरन लोकेश, मंजू, निधि गर्ग, पिंकी वोहरा, शकुंतला, ममता, विजय देवी आदि रहे।