सुबह सामान लेने जा रहा था आलम
पिता तमसीर ने बताया कि उनका चार वर्षीय पुत्र सवरे आलम सुबह 8.45 बजे अपने बड़े भाई आठ वर्षीय मोहम्मद के साथ दुकान से सामान लेने जा रहा था। रास्ते में जलभराव के कारण दोनों भाई रास्ते के किनारे से निकल रहे थे। सड़क किनारे रखे हुए ट्रांसफार्मर के डिस्ट्रीब्यूशन बॉक्स में करंट उतरा हुआ था। इस दौरान इसके पास से गुजर रहा उनका छोटा बेटा सवरे आलम करंट की चपेट में आ गया। जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई। वहीं, साथ चल रहे बड़े भाई मोहम्मद को भी करंट का झटका लगा और वह दूर जा गिरा। जिससे उसकी जान बच गई।
लोगों में भारी गुस्सा
सवरे आलम की करंट से मौत की सूचना पर परिवार के लोग बदहवासी की हालत में घटनास्थल की दौड़े। शव को देखते ही परिजन बिलख उठे। वहीं, सूचना पर मोहल्ले के लोगों की भीड़ जमा हो गई। हादसे को लेकर मोहल्ले के लोगों का गुस्सा फूट पड़ा। मोहल्लावासियों ने पालिका और ऊर्जा विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया। कहा कि काफी समय से सड़क जर्जर है। इससे जलभराव की समस्या बनी रहती है। आसपास स्कूल और मदरसा होने के कारण प्रतिदिन सैकड़ों लोग विशेषकर बच्चों का इसी मार्ग से आवागमन होता है। बार-बार शिकायत के बाद भी सड़क का निर्माण नहीं कराया गया। वहीं, ट्रांसफार्मर भी सुरक्षित तरीके से ढका गया होता तो यह हादसा न होता। सूचना पर मौके पर पहुंची पुलिस ने लोगों को शांत कराया।
चार भाइयों में सबसे छोटा था आलम
तमसीर ने बताया कि उनके चार बेटों में सवरे आलम सबसे छोटा था। ई-रिक्शा चलाकर परिवार का भरण-पोषण करते हैं। घर में बेटे की मौत के बाद मातम पसरा हुआ है। मां का रो-रोकर बुरा हाल है। वहीं, भाकियू अंबावता के राष्ट्रीय प्रवक्ता अनीस गाजी ने पीड़ित परिवार को मुआवजा देने की मांग की है। मुआवजा नहीं दिए जाने पर धरना प्रदर्शन की चेतावनी दी।