कार्तिक पूर्णिमा पर्व पर लाखों श्रद्धालुओं ने आस्था की डुबकी लगाई। अनूपशहर, नरौरा, राजघाट व रामघाट पर सोमवार सुबह लाखों श्रद्धालुओं ने हर-हर गंगे के जयघोष के साथ डुबकी लगाकर आस्था का समागम किया। गंगा रेती में भजन कीर्तन व मंगलगीतों से माहौल भक्तिमय हो गया।
सोमवार को उगते सूर्य के साथ गंगातट पर श्रद्धालुओं का जमावड़ा बढ़ने लगा। कार्तिक स्नान पर गंगा के दोनों तटों पर इंतजाम होने की वजह से भी स्नान क्षेत्र पांच किलोमीटर एरिया में फैल जाने से घाटों पर श्रद्धालुओं की भीड़ कम रही।
गंगा के उत्तरी किनारे पर नगर पालिका व दक्षिण किनारे पर जिला पंचायत संभल ने स्नान व सुरक्षा के इंतजाम रहे। पीएसी गाजियाबाद, बरेली की जल पुलिस की मोटरबोटों सहित पालिका के गोताखोर और नावें लगातार गंगा में गश्त कर सुरक्षित स्नान करने में जुटी रहीं। स्नान के बाद भगवान सत्यनारायण की व्रत कथा का श्रवण कर मंदिरों मे पूजा अर्चना व दान पुण्य किया। जगह-जगह भंडारे लगाए गए।
विधायक गजेंद्र सिंह की पहल पर टी-सीरीज कलाकारों ने टाउन स्कूल में आयोजित भजनसंध्या में मां गंगा का गुणगान किया। भजन संध्या का उद्घाटन पूर्व केबीनेट मंत्री रामवीर उपाध्याय ने किया। आर्य प्रतिनिधि सभा, ओम शांति, राजयोग आदि संस्थाओं ने कैंप लगाया। पालिकाध्यक्षा मंजू शर्मा, एसडीएम भैरपाल सिंह, एसपी देहात जगदीश शर्मा, सीओ श्रेष्ठा, यशवीर सिंह, ईओ डा. रश्मि त्रिपाठी, सुशील शर्मा, डा. राकेश शर्मा, प्रभारी निरीक्षक उदयवीर सिंह, विधायक प्रतिनिधि गोपाल शर्मा आदि मेला व्यवस्थाओं में जुटे रहे। नरौरा के गांधीघाट अग्निशमन दल, नगर पंचायत का खोया पाया केंद्र एवं नियंत्रण कक्ष बनाया गया। राजघाट में मेला कोतवाली, मेडिकल कैंप, फायर कैंप, एवं गोताखोर तैनात रहे।