डिबाई कोतवाली क्षेत्र के गांव करनसिंहपुर में जमीनी विवाद में चचेरे भाई की गोली मारकर हत्या के मामले में कोर्ट ने तीनों नामजद आरोपियों को दोषी मानते हुए आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। साथ ही 35-35 हजार रुपये का अर्थदंड भी लगाया है। यह निर्णय अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश प्रथम रमेश चंद गुप्त ने दिया।
सोमवार को दोष सिद्ध करने के बाद सजा पर निर्णय सुरक्षित रख लिया गया था। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता रविंद्र कुमार शर्मा ने बताया कि चार मई 2015 को गांव करनसिंहपुर निवासी सुरेश चंद पालीवाल ने एफआईआर दर्ज कराया था कि चार मई की दोपहर वह दोनों पुत्र डॉ. विनीत पालीवाल (35), विपिन पालीवाल (33) व दो मजदूरों के साथ बाग में थे। दूसरी तरफ राधे मोहन पालीवाल का बड़ा बेटा संजय विवादास्पद जमीन पर तीन मजदूरों के साथ हरे पेड़ कटवा रहा था। इसका दोनों भाइयों ने विरोध किया था।