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सलीम समेत तीन सीबीआई के हवाले

Sat, 20 Aug 2016 12:49 AM IST
ब्यूरो/अमर उजाला, बुलंदशहर
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गैंगरेप - फोटो : अमर उजाला
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हाईवे-91 पर हैवानियत का राज उलगवाने के लिए फिलहाल सीबीआई के पास तीन दिन का समय है। कोर्ट ने नौ अगस्त को जेल गए तीन आरोपियों की तीन दिन यानी 72 घंटे रिमांड सीबीआई को दी है। तीनों आरोपियों की रिमांड शुक्रवार रात नौ बजे से शुरू हो गई है। इसके बाद सीबीआई टीम दिल्ली रवाना हो गई।
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तीनों आरोपियों की रिमांड 23 अगस्त दोपहर दो बजे तक रहेगी। सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता फौजदारी रविंद्र कुमार सिंह ने बताया कि शुक्रवार दोपहर सीबीआई की ओर से विवेचक उपाधीक्षक एमएस कतियाल ने अपर जिला एवं सत्र न्यायाधीश/फास्ट ट्रैक कोर्ट संख्या द्वितीय/पॉक्सो अधिनियम के न्यायाधीश ध्रुव कुमार तिवारी के कोर्ट में प्रार्थना पत्र दिया।

जिसमें गैंगरेप के आरोप में जेल में बंद सलीम उर्फ बीना उर्फ दीवानजी पुत्र रियासत, जुबेर उर्फ परवेज उर्फ सुनील पुत्र अकील और साजिद पुत्र वाहिद निवासी हितकारी बिटौरा थाना तिर्वा जिला कन्नौज को चार दिन की रिमांड पर लेने की मांग की। न्यायाधीश ने जेल में बंद तीनों आरोपियों को तलब किया।
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घंटों चली सुनवाई के बाद शुक्रवार शाम न्यायाधीश ने सीबीआई को चार के बजाय तीन दिन (72 घंटे) की रिमांड दी। न्यायाधीश ने आदेश दिया कि रिमांड शुक्रवार रात नौ बजे से शुरू होगी और 23 अगस्त की दोपहर दो बजे तक रहेगी। सीबीआई टीम तीनों आरोपियों को रिमांड पर लेने से पहले मेडिकल कराएगी।

साथ ही रिमांड समाप्त होने के बाद मेडिकल कराकर ही जिला कारागार भेजेगी। बता दें कि 29 जुलाई की रात का सच जानने के लिए सीबीआई के पास तीन दिन का समय है। सीबीआई के रडार पर पहले 100 नंबरबुलंदशहर (ब्यूरो)। सीबीआई टीम के लिए जांच का पहला आधार पुलिस के पास पहुंची पहली कॉल होगी।

29 जुलाई को वारदात के बाद पीड़ित परिवार ने कई बार 100 नंबर पर कॉल की थी, लेकिन हर बार फोन इंगेज गया था। इसके बाद पीड़ित परिवार ने नोएडा रहने वाले एक परिचित को घटना की सूचना दी थी। परिचित ने पहले नोएडा पुलिस को सूचित किया था और नोएडा पलिस ने बुलंदशहर कंट्रोल रूम को सूचना दी थी।

सूत्रों के मुताबिक सीबीआई नोएडा और बुलंदशहर पहुंची कॉल को अपनी जांच के दायरे में शामिल करेगी। सीबीआई सबसे पहले पीड़ित परिवार के नोएडा निवासी परिचित, नोएडा और बुलंदशहर कंट्रोल रूम के पुलिस कर्मियों से पूछताछ करेगी। बताया गया कि सबसे पहले घटना की जानकारी इन्हीं लोगों को हुई थी।

उसके बाद पुलिस कितनी देर में घटनास्थल पर पहुंची और वारदात के कितनी देर बाद पुलिस को फोन से सूचना मिल पाई थी। इस जांच मेें सीबीआई नोएडा कंट्रोल रूम के ड्यूटी इंचार्ज और बुलंदशहर के सस्पेंड पुलिस कर्मियों से पूछताछ करेगी। सूत्रों का दावा है कि सीबीआई की एक टीम को इसके लिए लगा भी दिया गया है।
गैंगरेप की जांच कर रही सीबीआई की टीम में डीआईजी रैंक के अधिकारी भी शामिल हैं। इसमें डीआईजी शरद अग्रवाल, एसपी अभिषेक दुलर, दो डिप्टी एसपी और दो इंस्पेक्टर दीपक कुमार, पीके रॉय शामिल हैं।
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