कांवड़ियों के बम-बम नारे के विरोध में आए दूसरे संप्रदाय के कुछ युवकों ने पथराव कर दिया। इससे कांवड़िए घायल हो गए। कांवड़ियों ने पथराव के विरोध में हंगामा कर पुलिस कंट्रोल रूम को सूचना दी। पुलिस ने एक युवक को मौके से हिरासत में ले लिया। पुलिस की तत्काल कार्रवाई ने बड़ी घटना को टाल दिया।
हालांकि पुलिस पत्थरबाजी से इंकार कर रही है। क्षेत्र के गांव किरयावली के 19 कावंड़ियों काजत्था शुक्रवार सुबह पांच बजे आहार के लिए गांव चंदियाना से होकर निकल रहा था। बरवाला मार्ग पर चंदियाना निवासी एक युवक ने बम-बम के नारों का विरोध करना शुरू कर दिया।
कांवड़िए सोनू, विमल, राहुल आदि ने बताया कि बम-बम के नारों के विरोध के साथ युवक अभद्रता करने लगा। इसी बीच युवक के कुछ अन्य साथी भी वहां आ गए। आरोप है कि युवकों ने कांवड़ियों पर पत्थरबाजी शुरू कर दी। इसको लेकर कांवड़ियों ने हंगामा किया और मामले की सूचना 100 नंबर पर दी गई।
मामले की सूचना पुलिस को देने की जानकारी हुई तो कुछ लोगों ने सड़क पर पड़े पत्थरों को हटा दिया और कांवड़ियों को समझाने का प्रयास किया। पुलिस के पहुंचते ही युवक भाग गए। पुलिस ने चंदियाना निवासी एक युवक को हिरासत में ले लिया है।
चौकी इंचार्ज महिपाल सिंह ने जैसे-तैसे कांवड़ियों को समझा-बुझाकर शांत कराया ऑैर उनको आगे भेजा। चंदियाना-बरवाला मार्ग पर कांवड़ियों पर असामाजिक तत्वों द्वारा किए गए हमले को लेकर क्षेत्र के हिंदू संगठनों में रोष पनप गया। कुछ लोग मामले को लेकर राजनीतिक रंग देने लगे। पुलिस ने सूझबूझ से हालात को संभाल लिया।
एक युवक ने कांवड़ियों से कुछ बदसलूकी कर दी थी। सूचना पर पहुंचकर युवक को हिरासत में ले लिया। उसको पूछताछ के लिए थाना नरसेना भेज दिया है। कांवड़ियों को भी शांत कर दिया गया है। किसी ने रिपोर्ट दर्ज नहीं कराई है। पत्थरबाजी की बात अफवाह है। पुलिस गश्त बढ़ा दी गई है। - महिपाल सिंह, चौकी इंचार्ज, बुगरासी