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‘किसी को चढ़ा दो भेंट, जीतकर भरना है पेट’

Mon, 13 Feb 2017 11:28 PM IST
अमर उजाला/बुलंदशहर
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पुलिस लाइन में घटना की जानकारी देता गुरदीप सिंह। - फोटो : ब्यूरो
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खुर्जा के  डबल मर्डर में नया खुलासा हुआ है। मुख्य हत्यारोपी ने रालोद प्रत्याशी मनोज गौतम की आपराधिक मानसिकता से संबंधित कई खुलासे किए हैं। राजनीति में कुछ कर गुजरने की चाह रखने वाला सगे भाई का हत्यारोपी रालोद प्रत्याशी मनोज गौतम इस वारदात को अंजाम देने से पहले अपने अपने समर्थकों गुरदीप या नन्हें खां को मरवाकर सहानुभूति बटोरना चाहता था।
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उसने परविंदर से कहा था कि ‘किसी को भी चढ़ा दो भेंट, जीतकर भरना है अपना पेट’। मनोज पहले अपने ममेरे भाई गुरदीप या गांव के अपने कट्टर समर्थक नन्हें खां की हत्या करवाना चाहता था लेकिन परविंदर के तैयार नहीं होने पर उसने अपनी साजिश में फेरबदल कर दिया।

गिरफ्त में आए मुख्य आरोपी परविंदर ने जो बातें पुलिस को बताईं, उन्हें सुनकर कोई भी व्यक्ति आसानी से विश्वास नहीं करेगा। अपने घर का चिराग बुझे या फिर दूसरे के घर से जनाजा उठे। इस बात से रालोद प्रत्याशी को कोई फर्क नहीं पड़ता। परविंदर ने पुलिस को बताया कि मनोज के सिर पर विधायक बनने का जुनून सवार था।
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वह पहले अपने समर्थक नन्हें खां की हत्या कराना चाहता था। फिर अपने ममेरे भाई गुरदीप उर्फ गुरु को मार डालने का प्लान बनाया। परविंदर ने गुरदीप की हत्या करने से इंकार कर दिया था। जिसके बाद मनोज ने अपने भाई विनोद की हत्या कराने का फैसला किया।

मनोज गौतम के ममेरे भाई और वादी गुरदीप सिंह ने पुलिस को बताया कि मनोज ने करीब डेढ़ माह पहले समर्थक नन्ने खां की हत्या कराकर जनता से सहानुभूति बटोरने की बात कही थी, लेकिन गुरदीप ने ऐसा कराने से इंकार कर दिया था।

बकौल, गुरदीप एक दिन मनोज कार्यालय पर उससे बात कर रहा था कि दो-तीन कार्यकर्ताओं को मरवा देते हैं। सात फरवरी की सुबह लाश मिलने के बाद गौरव ने गुरदीप को बताया था कि मनोज गौतम      ने उसका मोबाइल इस्तेमाल किया था।

परविंदर ने पुलिस को बताया कि उसे मनोज ने शराब पिलाकर और प्रलोभन देकर इस वारदात को अंजाम दिलवाया है। वह जेल में जाकर मनोज को जरूर पीटेगा। मनोज ने ही उसका भविष्य खराब कर दिया है।

अर्जुन सिंह ने ली राहत की सांस
रालोद प्रत्याशी मनोज गौतम ने जेल जाने से पहले बसपा प्रत्याशी अर्जुन सिंह पर गंभीर आरोप लगाए थे। परविंदर ने गिरफ्तारी के बाद जब पुलिस की स्क्रिप्ट को ज्यों का त्यों बोल दिया तो बसपा प्रत्याशी ने राहत की सांस ली।  जबकि मनोज गौतम ने अर्जुन सिंह पर परविंदर को खरीदकर हत्या कराने का आरोप     लगाया था।
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