संक्रमण : जुलाई में 49 केस, सिर्फ छह स्थानों पर लगे ऑक्सीजन प्लांट
बुलंदशहर। कोरोना की दूसरी लहर के बाद जुलाई में संक्रमित मरीजों के मिलने का सिलसिला कम हुआ, एक माह में जनपद में 49 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हुई है। दूसरी ओर संभावित तीसरी लहर की तैयारियों को लेकर कार्य धीमी गति से चल रहा है। शासन ने दूसरी लहर की भयावहता को देखते हुए जनपद में 10 स्थानों पर 14 ऑक्सीजन प्लांट लगाने के निर्देश दिए हैं। जिसमें से अभी तक मात्र छह स्थानों पर ही प्लांट लग सके हैं।
सदर तहसील क्षेत्र के वीआईआईटी में तीन व जटिया चिकित्सालय खुर्जा में एक ऑक्सीजन प्लांट का संचालन शुरू होने और सिकंदराबाद व डिबाई सरकारी चिकित्सालय में प्लांट का कार्य पूर्ण हो गया है। वहीं, बाल रोग विशेषज्ञ को लेकर भी अभी तक कोई नई तैनाती नहीं है। जबकि, जनपद के 81 सरकारी अस्पतालों में मात्र चार बाल रोग विशेषज्ञ की तैनाती है। हालांकि, प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने वीआइआइटी, खुर्जा, डिबाई, स्याना और सिकंदराबाद में बच्चों के लिए कोविड अस्पतालों में व्यवस्थाएं बनाने का दावा किया है। वहीं, जनपद भर में अभी तक कुल 20,199 लोगों में संक्रमण की पुष्टि हो चुकी है और 241 लोगों की मौत हो गई है। जबकि, 19,955 लोग स्वस्थ हो चुके हैं।
अभी यहां बनाए जाने हैं प्लांट
जिला अस्पताल, जिला महिला अस्पताल, स्याना, शिकारपुर, गुलावठी और अगौता आदि सरकारी चिकित्सालय में एक-एक ऑक्सीजन प्लांट लगने प्रस्तावित है। जबकि, सदर तहसील क्षेत्र के वीआईआईटी और जटिया चिकित्सालय खुर्जा में एक-एक ऑक्सीजन प्लांट अभी लगाया जाना है।
पहली लहर का आंकड़ा
कुल संक्रमित - 6,325
कुल स्वस्थ्य - 6,202
कुल मौत - 94
नोट : पहली लहर के आंकड़े 31 मार्च 2021 तक के हैड्ड।
दूसरी लहर का आंकड़ा
कुल संक्रमित - 13,874
कुल स्वस्थ - 13,753
कुल मौत - 147
नोट : यह आंकड़े 31 जुलाई 2021 तक के हैं।
592 बच्चे मिल चुके हैं संक्रमित
जनपद में अब तक शून्य से 10 वर्ष तक के 592 बच्चे संक्रमित मिल चुके है। अप्रैल माह से शुरू हुई दूसरी लहर के दौरान शून्य से 10 वर्ष तक के करीब 326 बच्चे कोरोना संक्रमण की चपेट में आए। हालांकि पांच फीसदी बच्चों को अस्पताल में भर्ती रहने की जरूरत पड़ी, शेष होम आइसोलेशन में परिजनों की देखरेख में स्वस्थ हुए।
बच्चों के लिए यहां बनेंगे अस्पताल
एसीएमओ डॉ. रोहताश यादव ने बताया कि सदर तहसील क्षेत्र के वीआईआईटी एल-1 में 40 बेड, खुर्जा जटिया चिकित्सालय में 20 बेड और सिकंदराबाद, स्याना व डिबाई में 10 से 15 बेड आरक्षित किए जाएंगे। इनमें पीआईसीयू और आइसोलेशन बेड शामिल हैं। लगभग सभी बेड पर ऑक्सीजन की व्यवस्था रहेगी। इसके अलावा जरूरत पड़ने पर जिला अस्पताल में भी बच्चों के इलाज के लिए व्यवस्था की जाएगी।
निजी अस्पतालों में 15 से 20 हैं बाल रोग विशेषज्ञ
जिले में आईएमए से करीब 30 से अधिक निजी अस्पताल जुड़े हुए हैं। इनमें बाल रोग विशेषज्ञ से लेकर अन्य विशेषज्ञ भी तैनात है। आईएमए के सचिव डॉ. संजीव अग्रवाल ने बताया कि जिले में आईएमए से जुड़े निजी अस्पतालों में करीब 15 से 20 बाल रोग विशेषज्ञ तैनात है। इनमें करीब 15 बाल रोग विशेषज्ञ शहरी क्षेत्र में और शेष जिलेभर में आईएमए से जुड़े हुए हैं।
तीसरी लहर की संभावना को देखते हुए तैयारियां की जा रही हैं। अचानक तीसरी लहर आने पर दो अस्पताल बिलकुल तैयार हैं। तीसरी लहर के लिए जनपद में पांच कोविड अस्पताल बच्चों के उपचार के लिए बनाए जाएंगे। जहां करीब 100 बेड आरक्षित किए जाएंगे। सभी बेड पर ऑक्सीजन की पर्याप्त व्यवस्था रखी जाएगी। इसके अलावा जिला अस्पताल में भी आईसीयू की व्यवस्था की जाएगी।
- डॉ. विनय कुमार सिंह, सीएमओ