बच्चों व गर्भवतियों को घर पर मिलेगा राशन
बुलंदशहर। कोरोना संक्रमण को देखते हुए आंगनबाड़ी केंद्रों पर पंजीकृत बच्चों व गर्भवती महिलाओं समेत सभी लाभार्थियों को अब उनके घर सूखा राशन मिलेगा। सूखा राशन निर्धारित तिथि पर आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं की ओर से वितरित किया जाएगा। कोरोना संक्रमण के चलते पिछले दिनों शासन ने आंगनबाड़ी केंद्रों को बंद कर दिया है।
जिले में बाल विकास एवं पुष्टाहार के लिए 3967 आंगनबाड़ी केंद्र संचालित हैं। कोरोना संक्रमण को देखते हुए शासन ने पिछले दिनों आंगनबाड़ी केंद्रों को बंद कर दिया। आंगनबाड़ी केंद्र बंद होने से पंजीकृत बच्चों, गर्भवती और धाती महिलाओं को मिलने वाले सूखे राशन पर संशय बना है। शासन ने कोरोना संक्रमण की पहली व दूसरी लहर की तरह इस बार भी लाभार्थियों को दिए जाने वाला सूखा राशन घर-घर वितरित करने का निर्देश जारी कर दिया है। शासन के निर्देश पर जिला प्रशासन ने बाल विकास विभाग को पंजीकृत लाभार्थियों को डोर-टू-डोर राशन वितरण करने का निर्देश दिया है। यह आदेश मिलते ही विभाग तैयारियों में जुट गया है। बता दें कि जनपद में 2.48 लाख से अधिक लाभार्थी पंजीकृत हैं। इनमें आंगनबाड़ी केंद्रों पर 58 हजार से अधिक तीन से छह वर्ष तक के बच्चे शामिल हैं। छह से तीन वर्ष तक के बच्चों की संख्या 1.28 लाख के आसपास है। गर्भवती और धाती महिलाओं की संख्या करीब 55 हजार के आसपास है। इसी तरह कुपोषित और स्कूल न जाने वाली 14 वर्ष तक किशोरी आदि शामिल हैं।
मुख्य विकास अधिकारी अभिषेक पांडेय ने बताया कि शासन के आदेश पर सूखा राशन वितरित कराने की तैयारी चल रही है। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं को इसमें लगाया जाएगा। संक्रमण को देखते हुए यह निर्णय लिया गया है।