प्रत्येक परिवार के एक लाभार्थी का गोल्डन कार्ड बनाना अनिवार्य
बुलंदशहर। आयुष्मान भारत प्रधानमंत्री जन आरोग्य योजना के गोल्डन कार्ड बनाने की अवधि बढ़ा दी गई हैं। चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण के प्रमुख सचिव ने नवंबर माह के अंत तक सभी लाभार्थी परिवारों में कम से कम एक सदस्य का गोल्डन कार्ड बनाने के निर्देश दिए हैं। साथ ही सभी लाभार्थियों के गोल्डन कार्ड बनाए जाने तक अभियान जारी रहेगा। वहीं, जिलाधिकारी और सीएमओ को अपने स्तर से समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं।
चिकित्सा, स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण के प्रमुख सचिव देवेश चतुर्वेदी द्वारा जनपद समेत प्रदेश के सभी जिलाधिकारी और मुख्य चिकित्सा अधिकारी को भेजे गए पत्र के अनुसार निर्देश दिए कि सभी जनपदों में ऐसे गांव हैं जहां एक भी लाभार्थी परिवार का गोल्डन अभी तक नहीं बना है। कई गांव में ऐसे परिवार भी हैं। जिनके किसी भी सदस्य के पास गोल्डन कार्ड नहीं हैं। ऐसे गांव व परिवारों का डाटा सभी जनपदों को भेज दिया गया है। साथ ही जनपद स्तर पर माइक्रो प्लान बनाते हुए गांवों व वार्ड में शिविर लगाकर गोल्डन कार्ड बनाने के निर्देश दिए हैं। सीएमओ डॉ. केएन तिवारी ने बताया कि प्रमुख सचिव के निर्देश पर लाभार्थी परिवारों के सदस्यों के गोल्डन कार्ड बनाने के लिए लगातार शिविरों का आयोजन किया जा रहा है। जिला अस्पताल समेत योजना से जुड़े सभी सरकारी चिकित्सालयों पर तैनात आयुष्मान मित्रों और इससे संबंधित अधिकारियों, कर्मचारियों द्वारा किए जा रहे कार्यों की प्रतिदिन समीक्षा की जा रही है।