पंजाबी नाइट में फेंके पत्थर, तोड़फोड़ और हंगामा
बुलंदशहर। जिला प्रदर्शनी में शुक्रवार की रात पुलिस प्रशासन की लापरवाही सामने आई। भीड़ को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम नहीं किए गए। इसका खामियाजा महिला और बच्चों का उठाना पड़ा। पुलिस के लाठी फटकारने के दौरान भगदड़ मच गई, जिसमें महिलाएं और बच्चे गिर गए। स्थिति काबू करने के लिए पुलिस ने नुमाइश मैदान बाहर बनी कालोनियों में भी लोगों पर लाठी फटकारीं। इससे नाराज शरारती तत्वों ने बैरिकेडिंग और अस्थाई दीवार को गिरा दिया। कुर्सियों को फेंकना शुरू कर दिया। कुछ लोग पुलिस की पिटाई से बचने के लिए पेड़ों पर चढ़ गए। दो युवक पिस्टल और पेट्रोल लेकर वीवीआईपी गेट तक पहुंच गए।
जिला प्रदर्शनी में शुक्रवार की रात पंजाबी नाइट में पुलिस और प्रशासन सही से व्यवस्था नहीं संभाल पाया। सीटों से कई गुना ज्यादा टिकटों का वितरण कर दिया गया। काफी संख्या में लोग पंजाबी कलाकार काका को देखने और सुनने के लिए पहुंच गए। रात में गाना गाने के दौरान आगे की सीटों पर बैठे लोग कुर्सियों पर खड़े हो गए। इससे पीछे खड़े लोगों ने हुटिंग शुरू कर दी। देखते ही देखते माहौल गर्मा गया और धक्का मुक्की शुरू हो गई। लोगों ने एक दूसरे के साथ मारपीट भी शुरू कर दी। लोगों को नियंत्रित करने के लिए पुलिस ने लाठी फटकारना शुरू कर दिया। इस दौरान कुछ लोग पुलिस पर ही हावी होते नजर आए। पुलिस बल ने दर्शक दीर्घा में घुसकर लोगों पर जमकर लाठियां फटकारीं। भगदड़ मचने पर महिलाएं और बच्चे जमीन पर गिरकर चोटिल भी हो गए।
प्रवेश के दौरान ही फेल नजर आया प्रशासन
वीवीआईपी गैलरी से लेकर बनाए गए अन्य ब्लॉकों में दर्शकों को प्रवेश कराने में भी पुलिस और प्रशासन फेल नजर आया। लोगों की इस दौरान पुलिस से नोकझोंक हुई। कई लोगों को पास होने के बावजूद पुलिसकर्मियों और अधिकारियों ने रोक दिया, इससे नाराज लोगों ने विरोध और नारेबाजी शुरू कर दी। लोगों का आक्रोश देखते हुए उन्हें संबंधित पास वाले ब्लॉक में प्रवेश करा दिया गया।
गुस्साए लोगों ने तोड़े वाहन
पुलिस की लाठी चार्ज के बाद गुस्साए लोगों ने वहां खड़े तीन वाहनों को तोड़ दिया। कई वाहन के शीशे भी टूट गए। जबकि कई वाहनों पर लोगों ने पत्थर फेंके। वहां से गुजर रहे लोगों को भी पत्थर लग गए। कुछ ने भागकर जान बचाई। करीब एक घंटे तक अफरा तफरी का माहौल रहा।
भारी मात्रा में पहुंचे थे दर्शक
पिछले वर्ष कोरोना काल के चलते कई कार्यक्रम स्थगित हो गए थे। इसके चलते इस बार पहला बड़ा कार्यक्रम होने पर काफी संख्या में दर्शक जिला प्रदर्शनी पहुंचे। जिसका जिला प्रशासन और जिला प्रदर्शनी समिति के पदाधिकारियों को अंदाजा नहीं था।
एक युवक पेट्रोल तो एक पिस्टल लेकर पहुंचा
पंजाबी नाइट में पुलिस द्वारा मुख्य द्वार पर सही ढंग से चेकिंग न किए जाने पर दो युवक पिस्टल और पेट्रोल लेकर वीवीआईपी गेट तक पहुंच गए। जहां चेकिंग के दौरान पकड़े जाने पर दोनों को फटकार कर भगा दिया गया।
अव्यवस्था थी मौके पर
कानून व्यवस्था संभालने की जिम्मेदारी पुलिस को दी गई थी। कुछ असामाजिक तत्वों ने कार्यक्रम में घुसकर तोड़फोड़ की। जिन्हें रोकने के लिए पुलिस बुलाई गई। लाठीचार्ज की मुझे जानकारी नहीं है। - मीनू राणा, प्रमुख मंत्री जिला प्रदर्शनी
पर्याप्त थी व्यवस्था
जिला प्रदर्शनी के पंजाबी नाइट कार्यक्रम के दौरान पर्याप्त व्यवस्था कराई गई थी। कुछ असामाजिक तत्व दीवारों पर और पेड़ों पर चढ़ने की कोशिश कर रहे थे। उनको हटाने के लिए पुलिस ने जमीन पर लाठी फटकारी थी, कोई लाठी चार्ज नहीं किया गया। - सुरेंद्र नाथ तिवारी, एसपी सिटी