शुक्रवार को सड़क हादसों में बीडीसी सदस्य समेत दो लोगों की मौत हो गई जबकि छह गंभीर रूप से घायल हो गए।
पुलिस ने लापरवाही से वाहन चलाकर टक्कर मारने वाले वाहन चालकों के खिलाफ तहरीर मिलने पर एफआईआर दर्ज कर हादसों के कारणों की जांच शुरू कर दी है।
बृहस्पतिवार की रात्रि करीब 11 बजे अहमदगढ़ थाना क्षेत्र और दानपुर ब्लॉक के गांव पैगंबरपुर निवासी नवनिर्वाचित क्षेत्र पंचायत सदस्य राम गोपाल (27) पुत्र ओमप्रकाश गांव के ही ओंकार पुत्र छज्जन तथा अनिल पुत्र उदयवीर के साथ कार से अपने गांव जा रहे थे।
कार को वह स्वयं चला रहे थे। सलैमपुर थाना क्षेत्र में जटपुरा व चित्सौन गांव के बीच कार की सामने से रही कंटेनर से भिड़ंत हो गई। हादसे में कार के परखच्चे उड़ गए।
राम गोपाल की मौके पर ही मौत हो गई जबकि ओंकार व अनिल गंभीर रूप से घायल हो गए। घायलों को पहले जिला अस्पताल और हायर सेंटर रेफर कर दिया।
एसएचओ मनोज पाठक ने बताया कि कैंटर को कब्जे में ले लिया है जबकि मृतक के चाचा रविकरन पुत्र टीकाराम की ओर से अज्ञात कंटेनर चालक के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई है।
बीबीनगर क्षेत्र के गांव डारौली निवासी रतनू सिंह जाटव का 35 वर्षीय पुत्र अशोक गुलावठी में ट्रैक्टर मिस्त्री का काम करता था। शुक्रवार को रोजाना की तरह अशोक अपने पुत्र मोंटी के साथ बाइक से गुलावठी जा रहा था।
ग्राम परतापुर के पास सामने से आ रही कार ने बाइक में टक्कर मार दी। गंभीर रूप से घायल बाइक सवार पिता-पुत्र को ग्रामीणों ने गुलावठी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र में भर्ती कराया जहां से जिला मुख्यालय भेज दिया।
इलाज के दौरान अशोक की मौत हो गई जबकि पुत्र का इलाज चल रहा है। थाना प्रभारी आरपी सिंह यादव ने बताया कि अभी परिजनों की तहरीर नहीं आई है। तहरीर के आधार पर रिपोर्ट दर्ज कर ली जाएगी।
थाना सलेमपुर क्षेत्र में चित्सौन निवासी अकिल शुक्रवार को परिजनों की रोटी लेकर भट्ठे पर जा रहा था। जब वह सड़क पार करने लगा तो रोडवेज की चपेट में आकर घायल हो गया।
गुलावठी-बीबीनगर मार्ग पर ग्राम परतापुर के निकट एक बाइक एवं ट्रक की भिड़ंत में बाइक सवार अशोक कुमार पुत्र रकम सिंह निवासी ग्राम दारौली गंभीर रूप से घायल हो गया। दुर्घटना के बाद ट्रक चालक ट्रक लेकर फरार हो गया।
तड़पता रहा घायल, आधे घंटे बाद पहुंचे डॉक्टर ने बिना देखे किया रेफर
सड़क दुर्घटना में घायल युवक आधा घंटे तक अस्पताल में तड़पता रहा। परिजनों के हंगामे के बाद पहुंचे चिकित्सक ने बिना परीक्षण के ही घायलों को बुलंदशहर रेफर कर दिया। परिजनों में चिकित्सकों की लापरवाही के खिलाफ रोष है।
ग्राम भौरा निवासी राजपाल ने बताया कि शुक्रवार की दोपहर 12.00 बजे उनका पुत्र मनोज गांव के ही गौरव पुत्र धर्मवीर के साथ बाइक से सिकंदराबाद आ रहा था।
ककोड़ रोड के नूरपुर मोड़ पर सामने से तेज गति से आ रहे कार ने सामने से टक्कर मार दी। दोनों बाइक सवार घायल हो गए।
राजपाल ने बताया कि वह घायलों को लेकर सिकंदराबाद सरकारी अस्पताल पहुंचे लेकिन आधे घंटे तक भी कोई चिकित्सक उन्हें देखने नहीं आया।
घायल इमरजेंसी वार्ड में तड़पते रहे। आरोप है कि आधा घंटे में पहुंचे चिकित्सक ने घायलों को बिना परीक्षण के ही बुलंदशहर रेफर कर दिया।
इमरजेंसी में हर समय चिकित्सक उपलब्ध रहता है। मामला उनके संज्ञान में आया है। वह मामले की जांच करेंगे। यदि चिकित्सक की लापरवाही पाई गई तो उसके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। - देवीचरण सिंह, सीएमएस,सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र