प्रदूषण विभाग कार्यालय का भवन। संवाद
बुलंदशहर। दिवाली से पहले ही शहर की हवा दूषित हो गई है। बृहस्पतिवार को 220 एक्यूआई के साथ जिला देश का 12वां प्रदूषित शहर रहा। एक्यूआई बढ़ने पर लोगों की आंखों में जलन की समस्या होने लगी है। सड़कों पर उड़ रही धूल और निर्माण कार्य के चलते वायु प्रदूषण बढ़ रहा है।
वायु प्रदूषण की रोकथाम के लिए बुधवार से ग्रेप लागू कर दिया गया। इसके बाद भी प्रतिदिन कूड़ा-कचरा जल रहा है। साथ ही सड़कों पर धूल उड़ रही है। निर्माण कार्य भी चल रहा है। इन सभी पर रोक न लगने के कारण वायु गुणवत्ता खराब हो रही है। बृहस्पतिवार को सुबह से हवा की सेहत खराब रही। सुबह सड़कों पर टहलने निकले लोगों को हवा में घुलनशील धूल के कणों के कारण खासी परेशानी हुई।
नगर निवासी मोहित गर्ग ने बताया कि सुबह टहलने के दौरान खांसी व गले में खराश की समस्या हो गई। आंखों में जलन भी हो रही है। वायु प्रदूषण बढ़ने पर सांस व दमा के रोगियों की परेशानियां भी बढ़नी शुरू हो गई हैं। नोएडा का 288, ग्रेटर नोएडा का 272, दिल्ली का 245, हापुड़ का 236, बुलंदशहर का 220, मेरठ का 202 एक्यूआई मापा गया। बुलंदशहर देश का 12वां प्रदूषित शहर रहा।