डीएम के आदेश पर जिले भर के सरकारी अस्पतालों के हुए निरीक्षण ने स्वास्थ्य विभाग के दावों की पोल खोल दी है। निरीक्षण में 10 अस्पतालों पर ताला लटका मिला था, जबकि 20 से अधिक डॉक्टर और अन्य कर्मचारी नदारद मिले थे। इतना ही नहीं अस्पतालों में भी खामियां मिली थीं। जांच की सीडीओ ने रिपोर्ट तैयार कर कार्रवाई की संस्तुति कर डीएम को भेज दी है।
डीएम के आदेश पर 26 जुलाई को जिले भर के सरकारी अस्पतालों का निरीक्षण हुआ था। निरीक्षण में विभिन्न विभागों के अफसरों को शामिल किया गया था। निरीक्षण के दौरान 10 अस्पतालों पर ताले लटके मिले थे, जबकि 20 से अधिक डॉक्टर और अन्य कर्मचारी गायब मिले थे।
अस्पतालों में प्रसव के लिए महिला डॉक्टर और नर्स आदि भी नदारद थे, जबकि लैब आदि में भी जरूरी उपकरण नहीं थे। अस्पतालों में सफाई व्यवस्था भी ठीक नहीं पाई गई थी। निरीक्षण करने वाले अफसरों ने अपनी-अपनी जांच रिपोर्ट सीडीओ को सौंप दी थी।
सीडीओ ने जांच की रिपोर्ट तैयार कर जिन अस्पतालों पर ताले लटके मिले थे उनके पूरे स्टाफ और अनुपस्थित डॉक्टर और कर्मचारियों के निलंबन की संतुति करते हुए रिपोर्ट कार्रवाई के लिए डीएम को भेज दी है। इस निरीक्षण ने स्वास्थ्य विभाग के दावों की भी पोल खोल दी है।
जिले के सरकारी अस्पतालों के निरीक्षण की जांच की रिपोर्ट बनाकर अनुपस्थित मिले डॉक्टर और कर्मचारियों के निलंबन की संतुति करते हुए फाइल डीएम को भेज दी है। इस फाइल पर डीएम जल्द ही कोई निर्णय लेंगे। यह तय है कि अनुपस्थित डॉक्टर और कर्मचारियों पर कार्रवाई जरूर होगी। जसजीत कौर, सीडीओ