शौचालय की नमी और सीलन रोकेंगे केले के पौधे
- सीडीओ ने किया खाका तैयार, डीपीआरओ से मांगी शौचालयों की संख्या
अमर उजाला ब्यूरो
बुलंदशहर।
घरों में शौचालय के गड्ढे से नमी और सीलन की आशंका ज्यादा रहती है। इससे बचने के लिए प्रशासनिक अधिकारियों ने घरों में केले के पौधे लगवाने का निर्णय लिया है। इससे वातावरण साफ होने के साथ ही सीलन की समस्या से भी छुटकारा मिलेगा।
जिले भर के गांवों में घर-घर केले का पौधा लगाने के लिए मुख्य विकास अधिकारी ने खाका तैयार किया है। उनका मानना है कि जिस घर में शौचालय बना है, वहां गड्ढा खोदा गया है। ऐसे में शौचालय और घर में नमी व सीलन आने की शिकायत रहती है। इसलिए उन्होंने निर्णय लिया है कि प्रत्येक घर में केले का पौधा लगाया जाए, क्योंकि केले का पौधा पानी को सोखने में सबसे ज्यादा कारगर होता है। इतना ही नहीं केले का पौधा घर में लगाने के साथ-साथ गांव में नाली के आसपास भी लगाया जाएगा, ताकि नाली के साथ वाले घर की दीवार को सीलन और नमी से बचाया जा सके। इसके लिए उन्होंने जिला पंचायत राज अधिकारी से शौचालयों की संख्या भी मांग ली है। इसके साथ ही मनरेगा और वन विभाग के अफसरों के साथ बैठक कर पौधा लगाने के लिए गड्ढा खोदने और पौधे उपलब्ध करवाने पर विचार-विमर्श कर लिया है। मानसून से पहले यह काम पूरा किया जाएगा।
मनरेगा के मजदूर खोदेंगे गड्ढे, पौधे उपलब्ध करवाएगा वन विभाग
मुख्य विकास अधिकारी ईशा दुहन ने बताया कि घरों में केले का पौधा लगाने के लिए मनरेगा के मजदूर गड्ढा खोदेंगे और पौधे वन विभाग उपलब्ध करवाएगा। गड्ढा खोदने के लिए मजदूर को मनरेगा से मजदूरी मिलेगी। पौधे लगाने में परिवार के सदस्यों के साथ मनरेगा के मजदूरों की अहम भूमिका होगी। वन विभाग को केले के पौधे तैयार करने के आदेश दिए गए हैं। जरूरत के अनुसार प्रत्येक दिन विभाग पौधे उपलब्ध करवाएगा। इस कार्य में जिला पंचायत राज विभाग के अफसर और कर्मचारियों का भी सहयोग लिया जाएगा।
शौचालय के गड्ढे के पानी से नमी और सीलन से घर को बचाने के लिए प्रत्येक घर में केले का पौधा लगवाया जाएगा। मनरेगा, वन विभाग और पंचायती राज विभाग के अफसरों के साथ बैठक कर इस कार्य को अमलीजामा पहनाने के लिए खाका खींच लिया गया है। काम जल्द ही शुरू हो जाएगा। - ईशा दुहन, मुख्य विकास अधिकारी, बुलंदशहर