राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम बना मददगार
संवाद न्यूज एजेंसी
मीरानपुर कटरा। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत होंठ और तालू कटे व दिव्यांग छह बच्चों का अस्पतालों में उपचार कराया गया। बच्चों के ठीक होने पर अभिभावकों की खुशी का ठिकाना नहीं रहा।
सीएचसी के प्रभारी चिकित्सा अधिकारी डॉ. फैजान खां ने बताया कि मोहल्ला बंगशान निवासी आरिफ खान की पुत्री दो वर्षीय पुत्री माहिरा का जन्म से होंठ कटा हुआ था। उसे लखनऊ स्थित स्माइल एंड ट्रेन सेंटर पर भेजकर वहां उसका ऑपरेशन करके समुचित इलाज किया गया।
नवादा दरोबस्त निवासी उधमवीर सिंह के दो वर्षीय पुत्र विशेष के होंठ और तालू कटा होने से वह बोल नहीं पाता था। उसका आगरा स्थित स्माइल एंड ट्रेन सेंटर पर ऑपरेशन कर समुचित इलाज किया गया। भूरखेड़ा गांव के संतोष कुमार के सात माह के पुत्र ऋतिक का जन्म से पैर का पंजा टेढ़ा था। उसका राजकीय मेडिकल कॉलेज में इलाज कराया गया।
खुदागंज क्षेत्र के गांव कंधरापुर निवासी संदीप के पांच माह के पुत्र अभिराज और खिरिया गांव के उपेंद्र की दो वर्षीय पुत्री अनामिका के होंठ और तालू कटे होने पर इन दोनों बच्चों का भी बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम की टीम ने लखनऊ स्थित स्माइल एंड ट्रेन सेंटर पर ले जाकर इलाज कराया।
इसके अलावा चरखोला गांव के सुनील सिंह की छह वर्षीय जन्मजात मूक-बधिर पुत्री सृष्टि काे कानपुर भेजा गया। वहां के स्माइल एंड ट्रेन सेंटर पर सृष्टि काे स्पीच थेरेपी दी गई और सुनने के लिए श्रवण यंत्र दिए गए।
सीएचसी प्रभारी ने बताया कि यदि क्षेत्र में किसी का बच्चा जन्मजात दिव्यांग है, तो वह इलाज के लिए सीएचसी पर राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम टीम के प्रभारी डॉ. नन्हे अहमद से संपर्क कर सकता है।