वाटर मैनेजमेंट प्रोग्राम के तहत कृषि विज्ञान केंद्र परिसर में दो दिनी प्रशिक्षण शिविर का मंगलवार को समापन हो गया। किसानों ने सिंचाई के दौरान पानी की बचत और पेड़-पौधों को होने वाले फायदे को भी समझा। प्रशिक्षित किसानों को प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए।
जिला उद्यान विभाग की ओर से आयोजित प्रशिक्षण शिविर में कृषि वैज्ञानिकों ने किसानों को ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई के बारे में समझाया। दोनों ही तरीके से पानी की बचत और पेड़-पौधों को होने वाले फायदे भी बताए गए। वैज्ञानिकों ने कहा कि खासकर उद्यान और बागवानी के लिए दोनों तरह की सिंचाई कारगर रहती है। प्रशिक्षण के दौरान किसानों ने ड्रिप और स्प्रिंकलर सिंचाई के तौर-तरीकों को स्थलीय अवलोकन भी किया।
समापन पर सांसद प्रतिनिधि अवधेश यादव, जिला उद्यान अधिकारी आरएन वर्मा, कृषि विज्ञान केंद्र के सह निदेशक डॉ. आरपी सिंह ने प्रशिक्षित 30 किसानों को प्रमाण पत्र भी वितरित किए। सांसद प्रतिनिधि ने कृषि से जुड़ी सरकारी योजनाओं की जानकारी दी। इस मौके पर कृषि वैज्ञानिक संजय कुमार, अर्जुन सिंह, एसपी सिंह, यशपाल सिंह, फूलचंद्र, उद्यान विभाग के अधिकारियों में धर्मवीर गंगवार, मोहनलाल, नेमचंद्र गंगवार, साहब सिंह समेत चयनित किसान मौजूद थे।