बदायूं/सिलहरी। दुष्कर्म के बाद बच्ची की हत्या पर ग्रामीण इतने गुस्से में थे कि वह आरोपी को मौके पर ही जान से मार देना चाहते थे। उनमें इतना गुस्सा था कि वह पुलिस के पहुंचने पर भी पिटाई करते रहे। चौकी पुलिस के अलावा थाने से जब पुलिस बल और अफसर पर पहुंचे। तब बमुश्किल समझा बुझाकर ग्रामीणों को शांत किया गया। इसके बाद मशक्कत के बाद आरोपी को ग्रामीणों के चंगुल से छुड़ा सके।
बच्ची पांच भाई-बहनों में सबसे छोटी थी। उसके माता पिता खेतीबाड़ी और मजदूरी करके अपने परिवार का पालन-पोषण करते हैं। रविवार अपरान्ह करीब तीन बजे गेहूं काटने को खेत पर पहुंचे थे। उस समय बालिका को हल्का बुखार था। सुबह परिवार वालों ने उसे दवा भी दिलाई थी। उसके मोहल्ले के बच्चे भी जब गेहूं की बालियां बीनने खेत पर पहुंचे। तो खेल खेल में वह बुखार भूल गई। फिर वह भी खेत पर बालियां बीनने पहुंच गई। उस दौरान आरोपी कहीं दिखाई नहीं दे रहा था। परिवार वाले भी ऐसी घटना से अनजान थे। उन्हें यकीन ही नहीं था कि बालिका के साथ ऐसा हो सकता है। इससे उसके माता-पिता बेखौफ होकर गेहूं काट रहे थे। उन्हें तब जानकारी हुई। जब बच्चे ट्यूबवेल से पानी पीकर लौटे। इसके बाद जुटे ग्रामीणों ने आरोपी को पकड़कर पिटाई शुरू कर दी। पुलिस पहुंची तो आरोपी को छुड़ाने की कोशिश की लेकिन ग्रामीणों के गुस्से के आगे उनकी एक न चली। सूचना पर एसएसपी संकल्प शर्मा, एसपी सिटी प्रवीन सिंह चौहान, एसपी देहात सिद्घार्थ वर्मा, सीओ सिटी चंद्रपाल सिंह और आसपास थानों की पुलिस पहुंची और ग्रामीणों को समझाया तब मशक्कत के बाद ग्रामीण माने।
उत्तराखंड से बड़ी ज्यारत आया था आरोपी
बालिका का हत्यारोपी गुफरान पुत्र शफीक अहमद उत्तराखंड के ऊधम सिंह नगर जिले के सुल्तानपुर का रहने वाला है। बताया जा रहा है कि वह कुछ दिन पहले अपने परिवार के साथ बड़ी ज्यारत आया था। उसका भाई और पिता बड़ी ज्यारत में हैं। पुलिस उसके बारे में और पता लगाने का प्रयास कर रही है।
टारगेट पर थी बच्ची, छिपकर बैठ गया था खेत में
वारदात में ग्रामीण एक प्रश्न पर अटक रहे हैं कि आखिर ये गांव में कैसे आ गया। कुछ लोगों का कहना है कि बच्ची आरोपी का टारगेट थी। इससे वह खेत में आकर छिप गया था। लोगों का अनुमान है कि वह बच्चों को बालियां बीनते देखकर खेत में छिपकर बैठ गया था। वह किसी बच्ची को शिकार बनाना चाहता था। ये बच्ची उसकी नजर में आ गई। जैसे ही उसे अकेली दिखाई दी कि उसने बच्ची को दबोच लिया और इस घटना को अंजाम दे दिया।