श्री गणेश सेवा मंडल की ओर से आयोजित गणेश महोत्सव के दूसरे दिन शुक्रवार को भोलाधाम में आयोजित भगवान गणेशजी की कथा सुनने को भारी संख्या में श्रद्धालु पहुंचे। वृंदावन धाम से आईं मानस पुत्री पुष्पाजंलि ने गणेश जन्म की कथा का विस्तार से वर्णन किया।
उन्होंने कहा कि गणपति गजानन का जन्म लोककल्याण के लिए सभी ईश्वरीय शक्तियों के आशीर्वादों के फलस्वरूप हुआ। कहा-भगवान शिव ने गणेशजी को यह वरदान दिया था कि जो चतुर्थी को तुम्हारा पूजन करेगा और चंद्रमा को अर्ध्य देगा उसके तीनों ताप दैहिक, दैविक तथा भौतिक दूर होंगे। गणेश जी विघ्नहर्ता एवं ऋद्धि-सिद्धि प्रदान करने वाले हैं। उनका जन्मोत्सव मनाकर हम जीवन को सुखी एवं संवृद्ध बनाने की कामना करते हैं।
मानसपुत्री पुष्पाजंलि ने भजन के जरिए गणेश भक्तों का ध्यानाकर्षित करते हुए कहा-
सबसे सुंदर सबसे प्यारा,गणपति का दरबार है
कभी संसार जो छूटे प्रभू तेरा साथ न टूटे
इन्होंने भी मनमोहा
बदायूं। आज की कथा में साध्वी जी के साथ आए वाद्य यंत्र कलाकारों में आर्गन पर रामजी, तबला पर जीतू, पैड-विकास ने भी अपनी प्रस्तुति पर सबका मनमोह लिया। साध्वी के साथ आए उनके पिता ने भी कथा को सुनाया। इस मौके पर वीरेंद्र, सुनील गुप्ता, गिरधारी लाल, रामेश्वर दयाल, चरन जीत, नितेश, मनोज वैश्य, दिलीप अग्रवाल, चंद्रप्रकाश, संतोष,गजेंद्र गुप्ता, मुकेश रस्तोगी, दीपमाला गोयल, राहुल चौबे, सुबोघ गोयल,नारायण वैश्य आदि थे।