दबतोरी। रामलीला में भगवान राम का लंका विजय के बाद आगमन होता है। अयोध्या में उनके राजतिलक की भव्य तैयारी चल रही है। ऊंचे सुसज्जित सिंहासन पर बैठे राम सीता और आसपास खड़े भाई को देख प्रजा जयकार करती है। पहला तिलक वशिष्ठ मुनि करते हैं।
14 वर्ष के वनवास के बाद राम के आने पर अयोध्या दीपों से सजाई गई। पूरे नगर में प्रसन्नता और कोलाहल है। राजतिलक की लीला का मंचन देख दर्शकों की भावुकता छलकती है। आदर्श रामलीला क्लब के डायरेक्टर सतेंद्र पाल सिंह व सह निर्देशक उमेश भदौरिया के कुशल निर्देशन में रामलीला दर्शनीय बन गई है। इससे पूर्व मेघनाथ का युद्ध में विजय के लिए यज्ञ करना, विभीषण के बताने पर वानर भालू और लक्ष्मण द्वारा मेघनाथ के यज्ञ को भंग करना, युद्ध में मेघनाथ का मारा जाना। सुलोचना का विलाप, रावण का क्रोध, राम और रावण का भयंकर युद्ध और अंत में रावण के वध का मंचन किया गया।
श्रीराम के धनुष से निकला अग्निबाण, धू-धूकर जल उठा रावण का पुतला
अलापुर/जगत। गांव में चल रहे रामलीला महोत्सव में श्रीराम और रावण के युद्ध हुआ। इस युद्ध में रावण की हार हुई। श्रीराम के धनुष से निकले अग्निबाण से रावण का पुतला धू-धूकर कर जल उठा। इस दौरान जय श्रीराम के जयकारों से मैदान गूंज उठा।
जगत में चल रहे रामलीला महोत्सव के आखिरी दिन श्रीराम और रावण के बीच युद्ध की लीला का मंचन किया गया। दोनों ओर से जमकर बाणों की बौछार हुई। जिसके बाद श्रीराम के धनुष से निकले बाणों ने रावण के प्राण हर लिए। रावण के मरते ही श्रीराम की सेना ने विजय पताका फहरा दी। जिसके बाद राम के धनुष ने निकले अग्निबाण से रावण का पुतला आग की लपटों में समा गया। इस दौरान डॉ. केशव कुमार शर्मा, अनिल भारद्वाज, सुनील गुप्ता, देवेंद्र यादव, उमेश सक्सेना, रामकिशोर गुप्ता आदि मौजूद रहे। सुरक्षा के लिहाज से एसओ उदयवीर सिंह भारी पुलिस बल के साथ मौजूद रहे। संवाद
रामलीला के सहयोगियों को किया सम्मानित
सहसवान। नगर में प्रमोद संस्कृत महाविद्यालय के मैदान पर चल रहे रामलीला महोत्सव में प्रभु श्रीराम का राज्याभिषेक किया गया। कमेटी अध्यक्ष गौतम असावा समेत सभी पदाधिकारियों और नगर के गणमान्य लोगों ने श्रीराम का तिलक कर आरती उतारी। इसके बाद राम बरात में शामिल झांकियों, काली अखाड़ों और कलाकारों को प्रतीक चिह्न प्रदान कर सम्मानित किया गया।
बृहस्पतिवार की शाम को रावण वध की लीला का मंचन किया गया। प्रभु श्रीराम ने रावण को बाण मारा तो उसका पुतला धू-धूकर जल उठा। पुतला दहन देखने के लिए हजारों की संख्या में लोग एकत्र हुए। बाद में परंपरागत आगामी वर्ष 2026 के लिए रामलीला कमेटी अध्यक्ष का चयन किया गया। नगर के वरिष्ठ व्यवसायी और वर्तमान रामलीला कमेटी अध्यक्ष गौतम असावा उर्फ बाबी को सर्वसम्मति से रामलीला कमेटी का अध्यक्ष चुना गया। इस मौके पर महामंत्री आदर्श सक्सेना, मनोज यादव, संतोष गांधी, रंजीत कौशिक, वेद प्रकाश मिश्रा, धर्मदेव तिवारी आदि मौजूद रहे। संवाद
भव्य-दिव्य झांकियां ने दर्शकों मन मोहा
अखंड प्रचंड ज्योति शोभा यात्रा में कई आकर्षक झांकियां शामिल
बदायूं। बिसौली में अखंड प्रचंड ज्योति शोभायात्रा में झाकियों की धूम रही। अलीगढ़ से आई भगवान जगन्नाथ की झांकी की सभी ने प्रशंसा की। आधा दर्जन काली अखाडों के करतबों को सभी ने सराहा।
नगर के प्राचीन बड़े मंदिर में पूर्व विधायक कुशाग्र सागर, कोतवाल हरेंद्र सिंह, भाजपा के जिला उपाध्यक्ष दुर्गेश वार्ष्णेय और भाजपा नगराध्यक्ष मनोज गुप्ता आदि ने देवी मां की आरती कर शोभायात्रा का शुभारंभ किया। शोभायात्रा साहूकारा, चौराहा, मेन मार्केट, सराय और हाई-वे पर निकली।
अलीगढ़ से आई भगवान जगन्नाथ की झांकी की सभी ने मुक्त कंठ से प्रशंसा की। इसके साथ ही रामजी का दरबार, पंचमुखी हनुमानजी महाराज की झांकी आकर्षक रहीं। नंदी पर सवार भगवान भोलेनाथ और मां पार्वती के विवाह की झांकी को भी काफी सराहा गया। भक्ति मे लीन युवाओं का झूमना और बच्चों का उत्साह देखने लायक था। सबसे बड़ी बात तो यह थी कि महिलाएं, बच्चे और भक्तजन घंटों अपने दरवाजे के आगे खड़े होकर शोभायात्रा का इंतजार कर रहे थे। अलीगढ़, कासगंज, उझानी, बिल्सी और नगर के काली के अखाडों के करतब देखकर लोग दांतों तले उंगली दबा गए। देर रात तक नगर में भक्ति की रसधार बहती रही। इस शोभायात्रा मे क्षिति मिश्र, अभय वर्मा, चंद्रपाल गुप्ता, रमेश रस्तोगी, अपूर्व रस्तोगी, अर्जुन रस्तोगी आदि मौजूद रहे। संवाद
दबतोरी की रामलीला में भगवान राम का राजतिलक का आयोजन। संवाद
दबतोरी की रामलीला में भगवान राम का राजतिलक का आयोजन। संवाद
दबतोरी की रामलीला में भगवान राम का राजतिलक का आयोजन। संवाद