बदायूं। इस्लामनगर विकास खंड के गांव नूरपुर पिनौनी के प्रधान से जांच के नाम पर दो लाख रुपये की मांग का मामला शासन तक पहुंच गया है। शासन ने टीम गठित कर जांच शुरू कराई है। बृहस्पतिवार को शासन की टीम विकास भवन पहुंची। वहां पर प्रधान और डीडीओ के बयान दर्ज किए गए हैं।
मामले की जांच करने के लिए ग्राम विकास के संयुक्त आयुक्त आशुतोष दुबे टीम के साथ बृहस्पतिवार को दोपहर 12 बजे विकास भवन पहुंचे। सीडीओ कक्ष में बैठकर उन्होंने पहले प्रधान राधेश्याम गिरी से पूछताछ की। उनसे करीब एक घंटे तक पूछताछ हुई। उसके बाद डीडीओ अजय प्रताप से पूछताछ की गई। उनसे करीब दो घंटे तक पूछताछ हुई। यह टीम अपनी रिपोर्ट शासन को सौंपेगी।
कोट
- प्रधान द्वारा लगाए गए झूठे आरोपी की जांच करने को लखनऊ की टीम यहां आई थी। प्रधान से भी पूछताछ के बाद बयान दर्ज किए है। जांच में सब साफ हो जाएगा। उनके ऊपर लगे आरोप निराधार हैं। -अजय कुमार, डीडीओ
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मूल पत्रावली से छेड़खानी की आशंका, डीएम से शिकायत
संवाद न्यूज एजेंसी
नूरपुर पिनौनी। प्रधान राधेश्याम गिरि ने डीएम को शिकायती पत्र दिया है। उसने जिला विकास अधिकारी (डीडीओ) पर मूल पत्रावली साथ ले जाने का आरोप लगाया है। प्रधान का कहना है कि मूल पत्रावली के रिकॉर्ड में छेड़छाड़ की जा सकती है। पांच मई को विकास कार्यों की जांच करने के लिए डीडीओ अपनी टीम के साथ गांव पहुंचे थे। जांच के दौरान डीडीओ ने उनसे विकास कार्यों की सभी मूल पत्रावलियां ले ली थीं। जब ग्राम प्रधान ने उनसे रिसीविंग देने को कहा तो वह आग बबूला हो गए। उसके बाद अगले दिन अचानक से फिर गांव में जांच को आए थे, लेकिन 26 फाइलें वापस नहीं की। ग्राम प्रधान को आशंका है कि मूल पत्रावलियों में छेड़छाड़ की जा सकती है। ग्राम प्रधान ने डीएम से 26 फाइलें वापस करने की गुहार लगाई है। संवाद
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सीजेएम कोर्ट ने रिपोर्ट तलब करने के दिए आदेश
प्रधान के बेटे ने डीडीओ पर प्रधान के मानसिक उत्पीड़न, रिश्वत मांगने और मारने के प्रयास का आरोप लगाते हुए कोर्ट याचिका दायर की थी। इस मामले में सीजेएम कोर्ट से रिपोर्ट मांगी गई है। पंचायत सचिव आस मोहम्मद ने जिला पंचायत राज अधिकारी को पत्र देकर शिकायत की है।