बिसौली। हाईवे पर रोडवेज बस स्टैंड के पास स्थित तीन दुकानों पर कब्जे की कोशिश का मामला बुधवार को एडीजी अविनाश चंद्र तक पहुंच गया। एडीजी ने मामले में इंस्पेक्टर बिसौली को जांच के निर्देश दिए हैं। इधर, पीड़ित दुकानदारों का कहना है कि उनको बिसौली पुलिस पर भरोसा नहीं है। कोतवाली पुलिस और इंस्पेक्टर का जो रवैया है उससे स्पष्ट है कि पुलिस दुकानें खाली कराने के लिए दबाव बनाने वाले दबंगों का साथ दे रही है। दबंगों ने उनको कोतवाली में भी हड़काया। इसके बावजूद उनकी शिकायत पर कोई कार्रवाई नहीं की गई।
बिसौली में हाईवे पर रोडवेज बस स्टैंड के पास रज्जन, सुनील और राजेंद्र कुमार तीन दुकानों पर करीब 70 साल से काबिज हैं। कुछ दबंग दुकानों पर कब्जा करना चाहते हैं। कई दिनों से दुकानदारों को दुकानें खाली करने के लिए हड़का रहे थे। मंगलवार को दुकानदारों ने भाजपा नगर अध्यक्ष अक्कू रस्तोगी के साथ समाधान दिवस में पहुंच कर जान-माल की सुरक्षा की गुहार लगाई। इसके बाद दुकानदार कोतवाली पहुंचे। दबंग भी पीछे-पीछे कोतवाली पहुंच गए। यहां दबंगों ने इंस्पेक्टर पंकज लवानिया के सामने दुकानदारों को हड़काया। इस दौरान भाजपा नगर अध्यक्ष और दबंगों के बीच तकरार भी हुई।
बुधवार को सुनील, रज्जन और राजेंद्र बरेली पहुंचे। यहां उन्होंने एडीजी अविनाश चंद्र से शिकायत कर उनको पूरे प्रकरण की जानकारी दी। एडीजी ने मामले में जांच इंस्पेक्टर बिसौली पंकज लवानिया को सौंपी है। रज्जन, सुनील कुमार और राजेंद्र का कहना है कि उनको इंस्पेक्टर बिसौली पर भरोसा नहीं है। पूरे प्रकरण में अब तक इंस्पेक्टर का रवैया दबंगों को संरक्षण देने वाला रहा है।
करोड़ों में है दुकानों की कीमत
रोडवेज बस स्टैंड के पास स्थित जिन तीन दुकानों पर रज्जन, सुनील और राजेंद्र पिछले 70 साल से काबिज हैं उनकी जगह की कीमत करोड़ों में है। दुकानदारों का कहना है कि यह दुकानें उनके दादा ने जावित्री देवी से किराये पर ली थीं। लगातार किराया जमा कर रहे हैं। दबंग इन दुकानों को खाली कराने के बाद कौड़ियों के भाव जगह खरीदकर करोड़ों कमाना चाहते हैं। बिसौली कोतवाली पुलिस की भूमिका भी पूरे मामले में संदिग्ध है। शिकायत करने के बाद भी अब तक पुलिस ने दबंगों के खिलाफ कार्रवाई नहीं की है। ऐसे में मजबूर होकर उनको शिकायत एडीजी से करनी पड़ी।
पक्षपात के आरोप लगत हैं। पुलिस पूरी निष्पक्षता से जांच कर रही है। जो भी दोषी है उसके खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाएगी। कुछ लोग बेवजह इस प्रकरण को ज्यादा तूल दे रहे हैं।
- पंकज लवानिया, इंस्पेक्टर बिसौली