रेहड़िया। वजीरगंज थाना क्षेत्र के गांव सिंगथरा में लंगूर का आतंक बढ़ता जा रहा है। मंगलवार को रसोईया दयावती पर हमला कर लंगूर ने उन्हें गंभीर रूप से घायल कर दिया। ग्रामीणों ने बड़ी मुश्किल से उन्हें लंगूर से बचाया। लंगूर के हमले से ग्रामीणों में भारी गुस्सा है। उन्होंने वन विभाग से शिकायत कर लंगूर को पकड़वाने की मांग की है। इसके लिए उन्होंने गांव में प्रदर्शन भी किया।
ग्रामीणों के मुताबिक, लंगूर गांव के एक दर्जन से अधिक लोगों पर हमला कर चुका है। रामतीरथ, पिंटू गौतम, प्रयांशु, धनुष, फूलप्रवेश, सुरभि, तीरावती, रीतेश, वीरावती, रामकुमार, प्रेमवती, रामवती और सूरजवती समेत कई ग्रामीण लंगूर के हमले का शिकार हो चुके हैं। लंगूर के काटे लोग आसपास ही नहीं दूर हायर सेंटर पर जाकर भी इलाज करा रहे हैं।
ग्रामीणों ने आरोप लगाया है कि कई बार शिकायत करने के बावजूद संबंधित अधिकारी कोई ध्यान नहीं दे रहे। उन्होंने जल्द कार्रवाई कर लंगूर को पकड़वाने की मांग की है।
बच्चों की सुरक्षा को लेकर ग्रामीण चिंतित
गांव के लोग बच्चों की सुरक्षा को लेकर चिंतित हैं। मंगलवार को ग्रामीणों ने वन विभाग के विरोध में प्रदर्शन किया। लोगों का कहना है कि तमाम शिकायतों के बताया कि दो वर्ष पहले लंगूर कहीं से यहां आ गया था। पहले तो इसने हमले नहीं किए लेकिन अब आकर यह हमलावर होने लगा है। लोगों का रास्ता निकलना दूभर हो गया है।
बंदर और लंगूर को पकड़ने की जिम्मेदारी ग्राम पंचायतों को दी गई है। अगर ग्राम पंचायतों को कोई परेशानी है तो वन विभाग उनका सहयोग कर सकता है। - निधि चौहान, डीएफओ
सिंगथरा गांव के लोग लंगूर पकड़वाने को प्रदर्शन करते हुए। संवाद