उसहैत। ग्राम खजुरा नगला गांव के पास गंगा नदी में रविवार शाम हुए दर्दनाक हादसे के बाद लापता दो सगे भाइयों की तलाश सोमवार दिनभर जारी रही, लेकिन शाम तक उनका पता नहीं लग सका। एसडीआरएफ व फ्लड पीएसी की टीम लगातार घटनास्थल के पांच किलोमीटर के दायरे में सर्च ऑपरेशन चला रही है।
रविवार शाम गंगा नदी में नहाते समय पांच बच्चे पिंटू (नौ वर्षीय), केशव (11) और सिंकु (13) पुत्र जमादार, अखिलेश (आठ) पुत्र संतोष व विकास पुत्र वीरेश (11) गहरे पानी में जाकर डूबने लगे। इस दौरान मौके पर पहुंचकर ग्रामीणों ने दो बच्चे सिंकु व विकास को बचा लिया था। जबकि तीनों बच्चे नदी की तेज धारा में बह गए, बाद में प्रशासन की मदद से चलाए गए सर्च ऑपरेशन के दौरान अखिलेश का शव ढूंढ लिया गया। परिजनों ने बिना पोस्टमाॅर्टम कराए ही अंतिम संस्कार कर दिया। वहीं दो सगे भाई केशव और पिंटू अब भी लापता हैं।
घटना की गंभीरता को देखते हुए जिलाधिकारी अवनीश राय और एसएसपी अंकिता शर्मा स्वयं मौके पर पहुंचे और राहत कार्यों की निगरानी की। प्रशासन ने तुरंत एसडीआरएफ और फ्लड पीएसी की टीमों को तैनात कर दिया, जो बीती रात से ही गांव में कैंप कर रही हैं।
सोमवार सुबह से सर्च ऑपरेशन को और तेज करते हुए लगभग 25 सदस्यीय टीम ने पांच मोटरबोट के सहारे अटैना गंगा घाट समेत करीब पांच किलोमीटर के दायरे में गहन तलाशी अभियान चलाया। नदी की मुख्य धारा के साथ-साथ कटरी क्षेत्र, झाड़ियों और किनारों को भी खंगाला जा रहा है, ताकि लापता बच्चों का कोई सुराग मिल सके। गोताखोरों की टीम भी लगातार पानी के भीतर तलाश कर रही है।
सीओ उझानी सुनील कुमार सिंह ने बताया कि नदी में तेज बहाव और गहराई के कारण बचाव कार्य में कठिनाई आ रही है, फिर भी टीम लगातार प्रयासरत है। जल्द ही बच्चों को तलाश लिया जाएगा।
परिवारों में मचा कोहराम, लाग परेशान
हृदयविदारक घटना के बाद बच्चों के परिवार में कोहराम मचा हुआ है। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है और वे बच्चों के सकुशल मिलने की उम्मीद लगाए बैठे हैं। गांव में भी मातम पसरा हुआ है, लोग एक-दूसरे को ढांढस बंधा रहे हैं। स्थानीय ग्रामीणों ने प्रशासन से सर्च ऑपरेशन को और तेज करने की मांग की है, वहीं प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं और किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं बरती जाएगी।