उघैती। ग्राम पीपरी रघुनाथपुर में बृहस्पतिवार देर रात लगातार बारिश की वजह से कच्चे मकान की छत गिर जाने से मलबे में दबकर महिला की मौत हो गई। उसके चार बच्चे रोते-बिलखते रह गए। तहसील बिल्सी से पहुंची राजस्व विभाग की टीम ने मौका मुआयना किया।
गांव निवासी गुड्डो देवी पत्नी महीपाल बृहस्पतिवार रात परिवार के साथ कच्चे मकान में सो रहीं थीं। महिपाल चारों बच्चों के साथ बरामदे में सो रहे थे, जबकि महिला कमरे में अकेले लेटी थी। लगातार हो रही बारिश के कारण करीब एक बजे कमरे की छत अचानक गिर गई। तेज धमाके की आवाज सुनकर आसपास के ग्रामीण मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया।
काफी मशक्कत के बाद महिला को मलबे से बाहर निकाला गया, लेकिन तब तक उनकी मौत हो चुकी थी। सूचना पर शुक्रवार सुबह डायल-112 पुलिस मौके पर पहुंची और निरीक्षण कर जानकारी ली। तहसील बिल्सी के लेखपाल रामपाल शाक्य ने मौके पर पहुंचकर नुकसान का आकलन किया। पुलिस ने शव का पोस्टमॉर्टम कराया है। परिवार की आर्थिक स्थिति बेहद कमजोर है। ग्रामीणों के अनुसार, परिवार का मुखिया महीपाल मजदूरी कर जीवनयापन करता है। गुड्डो देवी की मौत से चारों बच्चे, (शिवम (12), चांदनी (10), टिंकू (8) और करण (6), गुमसुम हैं।
पीड़ित परिवार को आर्थिक सहायता और आवास स्वीकृत कराने की मांग
ग्रामीणों ने शासन-प्रशासन से पीड़ित परिवार को तत्काल आर्थिक मदद और प्रधानमंत्री आवास योजना सहित अन्य सरकारी राहत उपलब्ध कराने की मांग की है। उनका कहना है कि अब परिवार के सामने बच्चों के पालन-पोषण और सुरक्षित आवास की समस्या खड़ी हो गई है। गांव वालों का कहना हैं कि हालात ऐसे हैं कि परिवार को जल्द मदद दी जाए ताकि चारों मासूमों का भविष्य सुरक्षित हो सके।
बारिश में मकान की छत गिरने से महिला की मौत होने के संबंध में जानकारी मिली है। आपदा में असमय मौत होने पर सरकार की ओर से पीड़ित परिवार को चार लाख रुपये की आर्थिक सहायता दी जाएगी। चौबीस घंटे में परिजनों को सहायता राशि प्रदान कर दी जाएगी। - त्रिभुवन, एडीएम वित्त एवं राजस्व
गुड्डो देवी। फाइल फोटो