त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव में दो स्तर के चुनाव हो जाने के बाद अब तीसरे स्तर के चुनाव में प्रधान और ग्राम पंचायत सदस्यों को निर्वाचन होना है। इसके लिए सबसे पहले मतदान केंद्रों की संवेदनशीलता आंकी गई है। पिछले पंचायत चुनाव में अपने कटु अनुभवों को आधार बनाकर कुछ मतदान केंद्रों को और इस श्रेणी में लाया जा सकता है और कुछ का दर्जा घटाया-बढ़ाया जा सकता है। अब तक की स्थिति में 1412 मतदान केंद्र और 2644 मतदेय स्थल हैं। इनमें मतदान केंद्रों के हिसाब से संवेदनशीलता तय की गई है।
सहायक निर्वाचन अधिकारी, पंचायत प्रमेंद्र पटेल के अनुसार 364 मतदान केंद्र संवेदनशील हैं तो 254 अति संवेदनशील की श्रेणी में हैं। इसके अलावा 125 ऐसे मतदान केंद्र हैं जो अत्यधिक संवेदनशीलता की श्रेणी में रखे गए हैं।