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Budaun News: कुश्ती और कबड्डी प्रतियोगिता में खिलाड़ियों ने दिखाया दमखम

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कुश्ती प्रतियोगिता में हिस्सा लेते ​खिलाड़ी। स्रोत विभाग
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बदायूं। एसके इंटर कॉलेज के खेल मैदान में विधानसभा स्तरीय विधायक खेल प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। सब जूनियर कबड्डी बालक वर्ग में नगला सरकी की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान अपने नाम किया। इस दौरान कुश्ती और एथलेटिक्स स्पर्धाएं भी हुईं।
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जूनियर बालक वर्ग की 800 मीटर दौड़ में गुड्डू यादव, सब जूनियर बालक वर्ग में अंकित यादव, सीनियर बालिका वर्ग में आकांक्षा, जूनियर बालिका वर्ग में दीक्षा व सब जूनियर बालिका वर्ग में वंशिका ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। वहीं, सीनियर पुरुष वर्ग में सर्वेश यादव सबसे आगे रहे। डिस्कस थ्रो प्रतियोगिता में जूनियर बालक वर्ग में शिवराज, सब जूनियर बालक में आयुष व सब जूनियर बालिका वर्ग में गूंजा विजेता रहीं।
जूनियर बालिका वर्ग की 400 मीटर दौड़ में दीक्षा, बालक वर्ग में रामसेवक व सीनियर बालक वर्ग में विपिन प्रथम रहे। गोला फेंक (शॉट पुट) के जूनियर वर्ग में ओंकार ने बाजी मारी। जूनियर बालिका वर्ग की 1500 मीटर दौड़ में शिखा व सीनियर वर्ग में आकांक्षा ने प्रथम स्थान हासिल किया। जैवलिन थ्रो में जूनियर वर्ग में अनामिका और सीनियर वर्ग में प्रिया पटेल ने जीत दर्ज की।
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सीनियर बालक वर्ग की 100 मीटर दौड़ में टीटू सबसे तेज रहे। इसके पहले प्रतियोगिता का शुभारंभ क्षेत्रीय युवा कल्याण अधिकारी हिम्मत सिंह ने किया। मुख्य अतिथि विधायक महेश चंद्र गुप्ता, विशिष्ट अतिथि भाजपा जिला उपाध्यक्ष शारदेंदु पाठक ने कहा कि खिलाड़ियों को खेलकूद प्रतियोगिताओं में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेना चाहिए, ताकि वह अपने शहर प्रदेश व देश का नाम रोशन कर सके। इस मौके पर राहुल चौबे, पंकज शर्मा, मनोज कुमार, विकास नारायण शर्मा, दीपेश पाल आदि मौजूद रहे।

फोटो-25
ट्रैक पर पड़ी थी गंदगी, घूम रहे थे जानवर
- नाश्ते के पैकेट के लिए खिलाड़ियों को करनी पड़ी धक्का मुक्की
संवाद न्यूज एजेंसी
बदायूं। एसके इंटर कॉलेज मैदान में आयोजित प्रतियोगिताओं के दौरान जिस ट्रैक पर बच्चों को दौड़ना था, वहां गंदगी बिखरी पड़ी थी। पूरे मैदान में जानवर घूम रहे थे। इससे कई प्रतिभागियों को बीच दौड़ में ट्रैक बदलने को मजबूर होना पड़ा, जिससे प्रदर्शन प्रभावित हुआ।
व्यवस्थाओं की लापरवाही यहीं खत्म नहीं हुई। सुबह से भूखे बैठे युवाओं के लिए नाश्ता वितरण में भी अफरातफरी मच गई। विभागीय लापरवाही का आलम यह था कि एक-एक नाश्ते के पैकेट के लिए खिलाड़ियों को धक्का-मुक्की करनी पड़ी। खिलाड़ियों और अभिभावकों ने खुले शब्दों में कहा कि ऐसी अव्यवस्थित प्रतियोगिता में हिस्सा लेना मजबूरी बन जाता है, प्रेरणा नहीं। संवाद

कुश्ती प्रतियोगिता में हिस्सा लेते खिलाड़ी। स्रोत विभाग

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