एआरवी लगवाने के लिए बैठकर इंतजार करते मरीज। संवाद
बिल्सी। क्षेत्र में बंदरों का आतंक लगातार बढ़ता जा रहा है। नगर समेत आसपास के अधिकांश गांवों में बंदरों के झुंड लोगों पर हमला कर उन्हें घायल कर रहे हैं। शुक्रवार की शाम क्षेत्र के गांव रायपुर बुजुर्ग में इंटर की छात्रा राधा शाक्य पुत्री नेमचंद्र को बंदरों ने दौड़ा दिया। इससे वह छत से नीचे गिर गई और थोड़ी देर बाद ही मौत हो गई।
सरकारी अस्पताल में भी बंदरों के काटने के मामलों में लगातार बढ़ोतरी हो रही है। स्थानीय सीएचसी के प्रभारी डाॅ. अनिल कुमार गुप्ता ने बताया कि रोजाना सौ से अधिक एआरवी यहां लगाई जाती हैं। इसमें से 50 से अधिक लोग बंदर के काटने के होते है। शनिवार सुबह को सिरासौल निवासी विशेष कुमार, घंघौसी निवासी अभिषेक, सूरजपुर निवासी रामनाथ, जरसैनी निवासी मुन्नी देवी, दिधौनी निवासी रामवती, चंदौसी निवासी दयावती, उझानी निवासी यश, घंनसोली निवासी धर्मपाल, दिधौनी निवासी हेमलता, अफजलपुर छगनपुर निवासी प्रिया तथा बिल्सी के साहबगंज निवासी नन्ही देवी को बंदर के काटने के बाद अस्पताल में वैक्सीन लगाई गई।