परिवर्तन यात्रा लेकर पहुंचे भाजपा के राष्ट्रीय महामंत्री अरुण सिंह और स्वामी प्रसाद मौर्य ने शुक्रवार को सपा और बसपा पर जमकर वार किया। सपा को प्रदेश में अपराध और परिवारवाद के मुद्दे पर घेरते हुए ऐसी सरकार को उखाड़ फेंकने को कहा। स्वामी प्रसाद मौर्य एक बार फिर बसपा प्रमुख को दौलत की देवी कहा।
शहर के मिशन कंपाउंड में शुक्रवार को हुई सभा में अरुण सिंह ने कहा कि सपा सरकार ने परिवारवाद को बढ़ावा दिया। सपा सुप्रीमो का बेटा मुख्यमंत्री, बहू और भतीजे सांसद, भाई मंत्री तथा परिवार के अन्य सदस्य कई पदों पर आसीन हैं। इस सरकार में सारे सपा नेता अपनी जेबें भरने में लगे हैं और अपराध बेकाबू हैं। बोले, जिन प्रदेशों में भाजपा की सरकार है। वहां पर विकास हो रहा है। उत्तर प्रदेश के विकास के लिए भाजपा की सरकार पूर्ण बहुमत से बनानी होगी। अलीगढ़ के सांसद सतीश गौतम ने कहा कि नोटबंदी से बसपा के हाथी को पहले हार्ट अटैक आया और फिर फालिज मार गया। वहीं, सपा का तीन करोड़ का रथ एक किलोमीटर बाद ही खराब हो गया। प्रदेश महामंत्री अशोक कटारिया ने कटरा सआदतगंज कांड का जिक्र करते हुए कहा कि प्रदेश की सपा सरकार पूरी तरह से तुष्टिकरण के लिए कार्य कर रही है। प्रदेश में गुंडाराज व्याप्त है। यहां कोई भी सुरक्षित नहीं है, इसलिए ऐसी सरकार को उखाड़ फेंकना होगा।
कार्यक्रम में पूर्व विधायक रामसेवक सिंह पटेल, पूर्व विधायक महेश चंद्र गुप्ता ने शाल ओढ़ाकर अतिथियों का स्वागत किया। सभा में क्षेत्रीय अध्यक्ष बीएल वर्मा, जिलाध्यक्ष हरीश शाक्य, प्रेमस्वरूप पाठक, जिला प्रभारी महाराज सिंह, वागीश पाठक, शारदेंदु पाठक, जितेंद्र सक्सेना, राजेश्वर पटेल, सुधीर श्रीवास्तव, मनोज मसीह आदि प्रमुख रूप से मौजूद रहे। वहीं दातागंज विधानसभा क्षेत्र की समरेर ब्लॉक में हुई परिवर्तन यात्रा की सभा में यात्रा प्रभारी बालमुकुंद ने केंद्र सरकार की उपलब्धियां गिनाईं। इससे पहले म्याऊं में खेड़ा जलालपुर के राजीव कुमार सिंह, अलापुर में शैलेष पाठक, सैंजनी में आरएस पाल, डहरपुर में अवनीश कुमार सिंह उर्फ पप्पू भैया, दातागंज में राजीव कुमार गुप्ता, ढिलवारी में राजीव कुमार सिंह बब्बू भैया ने यात्रा का स्वागत किया। वहीं, बिसौली में प्रेेमलता सिंह ने भी परिवर्तन यात्रा का स्वागत किया।
अंबेडकर के कांसेप्ट पर नोटबंदी
सभा में स्वामी प्रसाद मौर्य ने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी ने नोटबंदी के रूप में डॉ. अंबेडकर की पुस्तक प्रॉब्लम्स ऑफ रुपी के अनुसार विमुद्रीकरण की नीति लागू की। बोले- मायावती ने टिकटों की नीलामी करके डॉ. अंबेडकर के मिशन के विरोध में काम किया है। उन्होंने कहा कि सपा नेताओं ने लोहिया के समाजवाद को कुचल दिया है।
दावेदारों ने टोपियों के जरिए दिखाया दम
बदायूं। परिवर्तन यात्रा की शहर में हुई जनसभा में भीड़ जुटाने का दरोमदार टिकट के दावेदारों पर ज्यादा था। दावेदारों ने अपनी भीड़ की पहचान के लिए अलग ही तरीका निकाला ताकि मंचासीन बड़े नेताओं को अपना दमखम दिखा सकें। इसके लिए उन्होंने अपने-अपने समर्थकों को भाजपा के कमल निशान के साथ अपना नाम लिखी टोपियां पहना रखी थीं। सभा स्थल पर पड़ीं कुर्सियों पर बैठी भीड़ के सिर पर पूर्व विधायक रामसेवक सिंह पटेल और पूर्व विधायक महेश चंद्र गुप्ता का नाम लिखीं टोपियां खासतौर पर नजर आ रही थीं। दोनों ही शहर विधानसभा से टिकट के प्रबल दावेदार हैं। मंच पर बड़े नेताओं का भाषण के दौरान दोनों के समर्थक उनके जिंदाबाद के नारे बारी-बारी से लगाने लगते। इससे संबोधन के दौरान व्यवधान भी होता। कई बार तो ऐसा हुआ कि रामसेवक के समर्थक उनके लिए नारे लगाते तो उसके बाद महेश गुप्ता के समर्थक नारे लगाने लगते। जिलाध्यक्ष हरीश शाक्य ने कार्यकर्ताओं से शांत रहने की अपील की, लेकिन उसे नजरंदाज कर दिया गया तो मंच पर बैठे प्रदेश महामंत्री अशोक कटारिया से नहीं रहा गया। मंच संभालते हुए उन्होंने कार्यकर्ताओं से कहा कि आपके उम्मीदवारों की टिकट पर लाल पेन लगा दूंगा, जिसके कार्यकर्ता ज्यादा हिलेंगे, उसका टिकट हिला दूंगा। बोले, आप किसी के समर्थक हो सकते हैं, लेकिन रैली में अनुशासन भाजपा का ही होगा। बोले, टोपियां बता रही हैं कि किसके कितने लोग हैं। इसके बाद कार्यकर्ता शांत हो गए।