बदायूं। बीच में पढ़ाई छोड़ चुके बच्चों को फिर से स्कूल तक लाने की पहल की जाएगी। इसके लिए घर-घर सर्वेक्षण कर ऐसे बच्चों को खोजा जाएगा कि वह किस कारण से स्कूल से बाहर हुए हैं। इस कार्य में शिक्षकों और शिक्षामित्रों के साथ ही डीएलएड प्रशिक्षुओं को भी लगाया जाएगा।
जिले में आउट ऑफ स्कूल अभियान जल्द शुरू होगा। यह अभियान नगरीय निकायों से लेकर ग्रामीणों क्षेत्र के हर मोहल्ले और गांव में चलाया जाएगा। टीम प्रत्येक घर जाकर सर्वे करेगी। यदि कोई बच्चा आउट ऑफ स्कूल पाया जाता है तो उसकी पहचान कर उसका नामांकन नजदीकी विद्यालय में कराया जाएगा। बीएसए का कहना है कि यह अभियान जल्द ही शुरू किया जाएगा। उन्होंने कहा कि हमारा लक्ष्य है कि जिले में एक भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे। इसके लिए सभी संबंधित कर्मचारियों को निर्देश जारी कर दिए गए हैं। कहा कि सर्वेक्षण के दौरान बच्चों की उम्र, पिछली पढ़ाई और वर्तमान स्थिति का रिकॉर्ड रखा जाएगा। खासकर ऐसे बच्चों पर ध्यान दिया जाएगा जिन्होंने आर्थिक कारण या पारिवारिक वजहों से पढ़ाई छोड़ दी है। अभियान की निगरानी खंड शिक्षा अधिकारी स्तर से होगी। हर टीम को निर्धारित क्षेत्र का नक्शा और फॉर्म उपलब्ध कराया जाएगा, जिसमें सर्वेक्षण का पूरा डाटा भरा जाएगा।
वर्जन
- इस सर्वेक्षण से न केवल नामांकन दर में बढ़ोतरी होगी, बल्कि ड्रॉपआउट बच्चों को मुख्यधारा में जोड़ने का भी अवसर मिलेगा। - वीरेंद्र कुमार सिंह, जिला बेसिक शिक्षा अधिकारी