बदायूं। महावा नदी पर चल रहे 21.84 करोड़ की लागत निर्माण कार्य तेजी नहीं पकड़ पा रहा। जून तक पुल का संचालन कराने को कहा गया था। लेकिन सात माह में मात्र 30 फीसदी ही निर्माण कार्य पूरा हो सका है। इससे क्षेत्र के लोगों को समय पर पुल का लाभ मिलने की उम्मीद कम है। ग्रामीणों ने तय समय सीमा में पूल तैयार करने की मांग करते हुए ठेकेदार व सेतू निगम को शिकायती पत्र भेजा है।
इस पुल का निर्माण सहसवान तहसील के गांव बड़ेरिया और जरीफपुर गढ़िया के बीच महावा नदी पर कराया जा रहा है। जुलाई माह में इसका टेंडर हुआ था। जिसमें साफ था कि पुल का निर्माण जून माह तक पूरा करके चालू करना है। लेकिन निर्माण कार्य रफ्तार नहीं पकड़ पा रहा है। इससे क्षेत्र के 24 गांवों के लोगों को जल्द राहत मिलने की टूट रही है। उनका कहना है कि 10 किलोमीटर का सफर अधिक करके वह तहसील मुख्यालय पहुंच पाते हैं। अगर समय पर निर्माण पूरा हो जाए तो उनकी समस्या दूर हो जाए। लेकिन सात माह में 30 प्रतिशत ही निर्माण कार्य पूरा होने के बाद लोगों को समय पर पूल का लाभ मिलता नहीं दिख रहा है।
बरसात व बाढ़ को लेकर 24 गांव के लोग चिंतित
-बरसात के दिनों में महावा नदी उफान पर आ जाती है तो 24 गांवों का आपसी संपर्क टूट जाता है। पुरानी पुलिया पानी में डूब जाती है, जिससे लोगों को कछला होते हुए लंबा चक्कर लगाकर तहसील व ब्लॉक मुख्यालय तक जाना होता है। अगर समय पर पुल शुरू नहीं हुआ तो आने वाले जुलाई से सितंबर तक लोगोंं को फिर से बरसात व बाढ़ की समस्या से जूझना पडे़गा।
सेतु निगम को भेजा पत्र
गांव तौफी नगला के रहने वाले तिलक सिंह ने शासन में पहल कर इस पुल को मंजूरी दिलाने का काम किया था। उन्होंने अपने क्षेत्र के 24 गावों की समस्या को लेकर अथक प्रयास किए। उन्होंने बताया कि निर्माण कार्य धीमी गति से चल रहा है। जिससे आने बाली बरसात व बाढ़ से होने वाली परेशानी को लेकर क्षेत्र के लोगों को चिंता हो रही है। यही वजह है कि समय सीमा के अंदर ही पुल का निर्माण पूरा कराने की मांग करते हुए सेतु निगम को पत्र भेजा है।
दस किलोमीर घूमकर तहसील पहुंच रहे लोग
पुल निर्माण शुरू होने के बाद लोगों ने राहत की सांस ली थी। लेकिन निर्माण कार्य की रफ्तार देखते हुए लोगों को लग रहा कि अभी एक साल और दस किलाेमीटर अधिक सफर तय करके ही तहसील मुख्यालय जाना होगा। पुल का निर्माण पूरा के बाद कछला से जरीफपुर गढ़िया जाने वाले लोगों को सहसवान का चक्कर नहीं लगाना पड़ेगा। वह बड़ेरिया होते हुए सीधे जरीफपुर पहुंच सकेंगे, जिससे समय और ईंधन दोनों की बचत होगी।
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जारी हो चुकी है पूरी धनराशि
सहसवान के बड़ेरिया गांव के पास बन रहे पुल पर 21.85 करोड़ रुपये खर्च होंगे। इस धनराशि से सेतु निगम 120 मीटर लंबा पुल बना रहा है। इसको लेकर शासन विभाग की ओर से सेतु निगम के लिए पूरी धनराशि दे दी गई है। इसके बाद भी निर्माध कार्या तेजी नहीं पकड़ पा रहा है।
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प्रोजेक्ट पर एक नजर
लागत- 21.85 करोड़ जारी धनराशि, लंबाई- 120.65 मीटर, एप्रोज रोड- पुल के दोनों तरफ 150-150 मीटर,
पिलर- 10
इन गांवों को होगा फायदा
- तोफिया नगला, खागी नगला, औरंगाबाद, टप्पा जामिनी, नगला बरन, धापड़, खिरगबारी, जरीफपुर गढि़या, रसूलपुर, कमनपुर सहित 24 गांवों के लोगों को लाभ होगा।
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कोट,
- सहसवान के बड़ेरिया गांव के पास महावा नदी पर पुल का निर्माण कार्य चल रहा है। कार्य धीमी गति से होने की बात सामने आई है। निर्देश दिए गए हैं कि समय पर ही कार्य पूरा कराना है। टीम को भेजकर इसकी हकीकत जानी जाएगी। - अरुण गुप्ता, प्रोजेक्टर मैनेजर, सेतु निगम