बदायं। विशेष न्यायाधीश अनुसूचित जाति अनुसूचित जनजाति (अस्पृश्यता प्रतिषेध अधिनियम) उदयभान सिंह ने 11 वर्ष पुराने मामले में युवक पर एक वर्ष का कारावास सहित 10 हजार का जुर्माना लगाया। अर्थदंड अदा न करने पर 15 दिन का अतिरिक्त कारावास भुगतना पड़ेगा।
अभियोजन पक्ष के अनुसार थाना कादरचौक में रिपोर्ट 12 अगस्त 2013 को दर्ज कराई गई थी। पीड़िता का कहना था कि वे लोग मजदूरी करते हैं। उनकी आठवीं की छात्रा घर से बाहर गई और तालाब के आगे खेत में मिट्टी निकाल कर रख रही थी । इतने मे लक्ष्मण नगला निवासी विजनेश ने पीछे से आकर बेटी का मुंह बंद करके पकड़ लिया और गन्ने के खेत में खींच कर ले जाने की कोशिश करने लगा। बेटी ने शोर मचाया तो रतिराम व उसका भाई विनोद आ गए और उन्होंने ललकारा तो आरोपी भाग गया। क्षेत्राधिकारी सहसवान आनंद कुमार सिंह ने आरोप पत्र न्यायालय में दाखिल किया। विशेष लोक अभियोजक जितेंद्र कुमार सिंह व बचाव पक्ष के अधिवक्ता की बहस सुनने के बाद विजनेश को सजा सुनाई गई।