क्षमता से अधिक दाखिला लेने वाले स्कूलों की जांच शुरू करा दी गई है। डीआईओएस की तरफ से दो सौ से अधिक दाखिले लेने वाले 25 स्कूलों को नोटिस जारी किए गए हैं। इससे पहले 14 स्कूलों को नोटिस जारी किया गया था। हालांकि इस संबंध में विद्यालय प्रबंधकों ने काफी हंगामा काटते हुए जिले के सभी स्कूलों की भी जांच कराने की मांग की थी।
गौरतलब है कि हर साल स्कूल क्षमता से अधिक दाखिले स्कूलों में ले लेते हैं। इतना ही पास के ही स्कूलों से अटैचमेंट करा भी बच्चे का दाखिला ले लेते हैं। इससे एक-एक स्कूल की छात्र संख्या दो सौ से पार हो जाती है। बच्चों का शोषण भी किया जाता है, साथ ही उनके भविष्य के साथ खिलवाड़ भी किया जाता है। इसे देखते हुए शासन ने निर्धारित क्षमता से अधिक दाखिला लेने वाले स्कूलों के खिलाफ जांच करने के आदेश दिए हैं। विभागीय लोगों ने बताया कि इसमें पहले 14 स्कूलों को नोटिस जारी कर विभिन्न तिथियों पर समस्त अभिलेख चेक करने के लिए बुलाया गया था। बताया कि अब 25 और विद्यालयों को नोटिस जारी किया गया है।
डीआईओएस बीना यादव ने बताया कि शासन के आदेशों का पालन किया जा रहा है।
वित्तविहीन स्कूल प्रबंधकों ने लगाया आरोप
बदायूं। शनिवार को पहुंचे वित्तविहीन स्कूल प्रबंधकों ने डीआईओएस पर शोषण करने का आरोप लगाया। उनका कहना है कि क्षमता से अधिक दाखिला लेने वालों में जांच के नाम पर वित्तविहीन स्कूलों का ही नाम शामिल किया गया है, जबकि जांच में एडेड तथा सरकारी स्कूलों को भी शामिल किया जाना चाहिए। आरोप लगाया कि जांच में सभी स्कूलों का शामिल नहीं किया गया है, जबकि तमाम एडेड स्कूलों में क्षमता से अधिक दाखिले हैं। उन्होंने जिले के सभी स्कूलों में जांच कराने की मांग रखी।