बदायूं। शहर के दोहरे हत्याकांड में अब तक पुलिस किसी नतीजे पर नहीं पहुंची है, लेकिन सूत्रों की मानें तो इस हत्याकांड में पुलिस को कुछ अहम सुराग हाथ लगे हैं, उनकी छानबीन करने के लिए एक टीम अलीगढ़ रवाना हो चुकी है। इधर, शक के घेरे में आई एक लड़की से लगातार पूछताछ की जा रही है, लेकिन उसने अभी पुलिस को कोई ऐसी जानकारी नहीं दी है, जिससे पुुलिस किसी नतीजे पर पहुंच पाती। हालांकि इस लड़की से भी इस घटना का कनेक्शन माना जा रहा है। पुलिस अभी इस मामले में ज्यादा बताने से कतरा रही है।
गत 30 जुलाई को कोतवाली क्षेत्र के मोहल्ला नागरान में दो युवकों की सिर कुचलकर हत्या कर दी गई थी। इनमें गुन्नौर निवासी मसलाउद्दीन उर्फ सबलू (26) पुत्र कसीमउद्दीन हत्या से दो दिन पूर्व बदायूं आया था। वह अपने मामा मुशाहिद के मकान में ठहरा था। इसी मकान में उसकी बहन निशा और शबनाज रह रही थी। 30 जुलाई की सुबह निशा डीपॉल स्कूल में पढ़ाने के लिए चली गई, जबकि शबनाज अपनी दहेज उत्पीड़न की तारीख करने के लिए कचहरी चली गई थी। दोपहर के समय निशा वापस लौटी। तो मसलाउद्दीन और उसी मोहल्ले के आतिफ (18) पुत्र इकबाल के शव घर में खून से लथपथ पड़े थे। इसकी जांच में कोतवाली पुलिस, सर्विलांस और एसओजी टीम लगी हुई है।
बताया जाता है कि अब तक की छानबीन में पुलिस को अहम सुराग मिल चुके हैं। दोहरे हत्याकांड के तार अलीगढ़ से जुड़ रहे हैं। अनुमान है कि हत्यारे अलीगढ़ के हो सकते हैं। मामले की तह तक जाने के लिए कोतवाली इंस्पेक्टर ओमकार सिंह अलीगढ़ रवाना हो चुके हैं। अभी उनकी वापसी नहीं हुई है। पुलिस आसपास के लोगों पर भी शक जाहिर कर रही है। बताया यह भी जा रहा है कि जिस वक्त दोनों की हत्या हुई उस वक्त वह लड़की उस घर में मौजूद थी। उसको भी चोट लगी थी। हालांकि पूछताछ में उसने चोट लगने से इंकार किया है।
अभी कुछ कहा नहीं जा सकता, लेकिन दोहरे हत्याकांड में कुछ अहम सुराग मिले हैं। उन पर काम चल रहा है। इसके लिए एक टीम अलीगढ़ भी गई है। जल्द ही पुलिस किसी न किसी नतीजे पर पहुंच जाएगी।
राघवेंद्र सिंह राठौर, सीओ सिटी