बदायूं। सैजनी गांव में ग्राम समाज की जमीन पर अवैध कब्जा कर साप्ताहिक बाजार लगाने और तहबाजारी वसूली के मामले में पुलिस ने कार्रवाई तेज कर दी है। जांच के दौरान पुलिस ने मामले में एचपीसीएल हत्याकांड के मुख्य आरोपी अजय प्रताप सिंह के सगे भाई केशव सिंह और उसके भाई चंद्रशेखर के नाम भी शामिल कर लिए हैं।
बीते 12 मार्च को मूसाझाग थाना क्षेत्र के सैजनी गांव के एचपीसीएल प्लांट में हुए दोहरे हत्याकांड के बाद प्रशासन ने क्षेत्र में अवैध गतिविधियों के खिलाफ जांच शुरू की थी। इसी क्रम में 18 मार्च को दातागंज एसडीएम धर्मेंद्र सिंह राजस्व टीम के साथ सैजनी गांव पहुंचे, जहां साप्ताहिक बाजार को लेकर शिकायतें सामने आईं।
जांच में पाया गया कि संबंधित भूमि ग्राम समाज की है, जिस पर अजय प्रताप सिंह के परिवार द्वारा कब्जा कर बाजार लगाया जा रहा था। आरोप है कि बाजार में आने वाले दुकानदारों से प्रति दुकान 50 रुपये की अवैध वसूली की जा रही थी। मौके पर पहुंची टीम ने तहबाजारी वसूल रहे लोगों को खदेड़ते हुए दुकानदारों को वसूली न देने के निर्देश दिए।
मामले में हलका लेखपाल हेम सिंह की तहरीर पर मूसाझाग थाने में अजय प्रताप सिंह के पिता राजेश सिंह, ताऊ राकेश सिंह समेत अन्य पर भूमाफिया अधिनियम की धाराओं में केस दर्ज किया गया था। विवेचना के दौरान पुलिस ने 50 हजार के इनामी केशव सिंह और उसके भाई चंद्रशेखर को भी इस प्रकरण में शामिल कर लिया है। बता दें कि इन दोनों आरोपियों ने आठ अप्रैल को कोर्ट में सरेंडर कर दिया था। तहबाजारी के मामले में पुलिस के आवेदन के बाद शुक्रवार को दोनों आरोपियों को कोर्ट लाया गया इसके बाद इनको वापस जेल भेज दिया गया है।