श्रीरामनगर कालोनी स्थित आजाद चंद्र सक्सेना के आवास पर हुए कार्यक्रम
में संरक्षक दीपक सक्सेना ने लोकनायक जयप्रकाश नारायण के चित्र का अनावरण
किया। उन्होंने कहा कि जयप्रकाश नारायण समाज के सजग प्रहरी थे। उन्होंने
अपनी प्रतिमा से संपूर्ण भारत में क्रांति कर समाज को नया पथ प्रदान किया।
अध्यक्ष पंकज सक्सेना ने कहा कि जयप्रकाश नारायण ने द्धितीय विश्व युद्ध
के दौरान लोक आंदोलन का सफल नेतृत्व किया। वक्ताओं ने सदी के महानायक
अभिताम बच्चन के जन्मदिन को भी मनाया और उनकी दीघार्यु की कामना की।
इस
मौके पर रवींद्र मोहन सक्सेना, कमलेश सक्सेना, शरद सक्सेना, अशोक सक्सेना,
प्रदीप सक्सेना, मुरारी लाल सक्सेना, राजेश सक्सेना, नवीन सक्सेना, सुमित,
प्रियंका, विशाल सक्सेना आदि थे। इधर, जिला सर्वोदय मंडल की ओर से भी
जयप्रकाश नारायण की जयंती प्राइमरी स्कूल में मनाई गई। वक्ताओं ने उनके
जीवन पर विस्तार से प्रकाश डाला। इस मौके पर संत भगवान सिंह, आशा राठौर,
शैलेंद्र तिवारी, जयभारत, वीके सक्सेना, निर्वेश, गौरव सक्सेना आदि थे।
उत्तर प्रदेश कायस्थ परिवार के कार्यक्रम में देशराज सक्सेना, मनोज
जौहरी,भारती जौहरी आदि थे।
भाजपा रत्न लोकनायक जयप्रकाश नारायण की जयंती
को लोक तंत्र रक्षा दिवस के रूप में मनाया। इस मौैके पर जिलाध्यक्ष
प्रेमस्वरूप पाठक के आवास पर हुए कार्यक्रम में जिले के सभी लोकतंत्र
सेनानियों का सम्मान समारोह आयोजित किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता
सुरेंद्र सिंह ने की। मुख्य वक्त के रूप में बरेली से आए भाजपा के वरिष्ठ
नेता वीरेंद्र अटल ने कहा कि लोकनायक जयप्रकाश नारायण का जन्म 11 अक्तूबर
1902 को हुआ था। वह बचपन से ही विलक्षण प्रतिभा के धनी थे। युवा अवस्था से
ही आजादी के आंदोलनों में सक्रिय भूमिका में आकर महात्मा गांधी, विनोबा
भावे, आचार्य कृपलानी आदि अनेक नेताओं के साथ लड़ाई लड़ी।
लोकतंत्र
सेनानी विनोद वैश्य ने, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रेमस्वरूप पाठक आदि ने भी विचार
व्यक्त कर उनके जीवन पर प्रकाश डाला। कार्यक्रम में मनीराम मिश्र, मोहम्मद
इकबाल, मोहम्मद नवी, ओमप्रकाश गुप्ता, आत्मप्रकाश वैश्य, डॉ.स्वराज, अशोक
भारती, हरीश शाक्य, सुधीर श्रीवास्तव, मनोज गुप्ता, जेके सक्सेना, शीलेंद्र
पुरी,ओपी गुप्ता, महेंद्र, प्रेमशंकर अग्रवाल, ब्रजराज आदि थे। लोकतंत्र
सेनानियों को शाल ओढ़ाकर सम्मानित किया गया।
स्वतंत्रता सेनानी एवं
भारतरत्न स्व. जय प्रकाश नारायण की जयंती पर भारतीय शौर्य संस्थान में उनका
भावपूर्ण स्मरण किया गया। उनके चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की गई।
पटियाली
सराय में संस्था भारतीय शौर्य संस्थान में आयोजित श्रद्धांजलि में उन्हें
अपरिमित ऊर्जावान व्यक्तित्व के रूप में स्मरण किया गया। उन्हें ऐसे
व्यक्ति के रूप में स्मरण किया गया जो युवाओं से लेकर वृद्ध तक सभी के लिए
प्रेरणास्रोत रहे।
इस अवसर पर शिवांग, सिद्धार्थ, सुदर्शन, साक्षी,
रिदिम आदि बच्चों ने कविताएं-गीत प्रस्तुत किए। मुख्य अतिथि ले. आरपी शर्मा
ने बच्चों को प्रोत्साहित किया। डॉ. विष्णु प्रकाश मिश्र, जनार्दन दत्त
मिश्र, प्रधानाचार्य विनय कुमार शर्मा, रतन प्रकाश सक्सेना, ऋषि नंदन
सक्सेना, डॉ. लता मिश्रा, गीता सक्सेना, वीना सक्सेना, मधु शर्मा, सुधा
शौर्या, रमा गौरवमयी और दीक्षा आदि ने विचार व्यक्त किए। संचालन श्रीकांत
ने किया।