सर्वे के आधार पर पालिका ने लोगों को किया चिह्नित
ईओ और एसआई ने दिया कार्रवाई का अल्टीमेटम
मैला ढोने की प्रथा पर पूरी तरह से लगाम लगाने के लिए पालिका प्रशासन ने कवायद शुरू कर दी है। पिछले दिनों कराए गए सर्वे में पालिका कर्मियों को कई घरों में कमाऊ और मैला बहाऊ शौचालय मिले। गृहस्वामियों को चिह्नित कर उनके खिलाफ कार्रवाई के तहत पहले तो उन्हें ढहाया जाएगा लेकिन फिर भी ऐसा पाए जाने पर आरोपियों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कराई जाएगी।
मैला कमाऊ और बहाऊ शौचालयों को लेकर बुधवार को नगर पालिका परिषद कार्यालय में ईओ संजय कुमार तिवारी और सफाई निरीक्षक संजीव कुमार ने सर्वे रिपोर्ट पर गौर किया। उन्होंने सर्वे में जुटे कर्मियों से भी बात की। सफाई निरीक्षक ने बताया कि कई मोहल्लों में कमाऊ और बहाऊ शौचालय पाए गए हैं। ऐसे गृहस्वामियों को चिह्नित कर लिया गया है। कमाऊ और बहाऊ शौचालय वाले गृहस्वामियों को हिदायत दी जा चुकी है कि वह खुद ही उन्हें ढहा दें। पालिका प्रशासन दो-तीन में उनके खिलाफ अभियानशुरू करेगा।
पर्यावरण प्रदूषण के मुद्दे पर पालिका प्रशासन पहले भी कमाऊ और बहाऊ शौचालय वाले गृहस्वामियों के खिलाफ अभियान चला चुकी है लेकिन अभी भी सैकड़ों की संख्या में ऐसे घर सामने आए हैं। सफाई निरीक्षक ने बताया कि जिन गृहस्वामियों ने पालिका का सहयोग नहीं किया उनके खिलाफ कोतवाली में एफआईआर दर्ज कराने के भी निर्देश हैं। उनसे जुर्माना भी वसूल किया जाएगा। बता दें कि प्रमुख मोहल्लों में कमाऊ शौचालयों को लेकर लोग ऐतराज भी करते रहे हैं। सर्वाधिक दिक्कत गौतमपुरी और बहादुरगंज मोहल्ले में बताई गई है।