यूपी बोर्ड परीक्षा में इतिहास और कृषि विज्ञान जैसे विषयों में भी परीक्षार्थियों की संख्या काफी कम रही। कम परीक्षार्थी होने के कारण सचल दस्तों ने औपचारिक निगहबानी की और कोई परीक्षार्थी उनको नकल करते नहीं मिल सका।
शनिवार को इंटरमीडिएट के इतिहास के पेपर में कुल 1197 परीक्षार्थी पंजीकृत हैं। इनमें से केवल 1030 परीक्षार्थियों ने ही परीक्षा दी। पहली मीटिंग में हुई इस परीक्षा में 67 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे। दूसरी पारी में इंटरमीडिएट की कृषि विज्ञान की परीक्षा रही। इस विषय में कुल 339 परीक्षार्थी पंजीकृत थे, इनमें केवल 293 परीक्षार्थी ही परीक्षा में बैठे और 46 परीक्षार्थी अनुपस्थित रहे।
शनिवार को अधिक विद्यार्थियों की परीक्षा न होने के कारण सचल दलों ने भी अधिक सख्ती नहीं दिखाई लेकिन औपचारिक जांच को कई परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया। इस निरीक्षण में उन्हें कोई नकलची नहीं मिला। सचल दस्तों को खाली हाथ लौटना पड़ा।